
भारत सरकार और राज्य सरकारें बेटियों को सशक्त बनाने के लिए ‘लड़ली बेटी’ योजनाओं के जाल बिछा रही हैं। इनका मकसद सिर्फ आर्थिक मदद नहीं, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, विवाह और आत्मनिर्भरता सुनिश्चित करना है। खासकर उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, दिल्ली जैसे राज्यों में ये योजनाएं ग्रामीण व मध्यमवर्गीय परिवारों की उम्मीद बन चुकी हैं। ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ अभियान के तहत लिंग अनुपात सुधारने और ड्रॉपआउट रोकने पर जोर दिया जा रहा है, जिससे स्कूलों में बेटियों की संख्या बढ़ी है।
सुकन्या समृद्धि योजना
केंद्र की सबसे लोकप्रिय सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) बेटी के नाम पर पोस्ट ऑफिस या बैंक में खाता खोलने की सुविधा देती है। 10 साल से कम उम्र की लड़की के लिए न्यूनतम 250 रुपये सालाना जमा से शुरूआत होती है, अधिकतम 1.5 लाख तक निवेश संभव। वर्तमान में 7.6 प्रतिशत ब्याज मिलता है, जो टैक्स-फ्री है। 21 साल की उम्र या शादी पर मैच्योरिटी राशि शिक्षा-विवाह के लिए मिलती है। मेरठ जैसे शहरों में लाखों माता-पिता इससे जुड़ चुके हैं, जो बेटी के भविष्य को सुरक्षित बनाती है।
दिल्ली लाडली योजना
दिल्ली की लाडली योजना जन्म पर 11,000 रुपये देती है। कक्षा-1 में दाखिले पर 5,000, कक्षा-6 में 10,000, कक्षा-9 में 20,000 और कक्षा-12 पास करने पर एकमुश्त 1 लाख तक ब्याजसहित राशि। कुल 35,000 रुपये से ज्यादा फायदा होता है। आधार, जन्म प्रमाण पत्र व निवास प्रमाण के साथ ऑनलाइन delhiladli.in पर आवेदन करें। 10वीं पास पर अतिरिक्त 1 लाख की शगुन राशि मिलती है, जो पढ़ाई की राह आसान बनाती है।
मध्य प्रदेश की लाडली लक्ष्मी योजना 2.0
मध्य प्रदेश की मुख्यमंत्री लाडली लक्ष्मी योजना 2.0 जन्म से 21 साल तक चरणबद्ध 1.43 लाख रुपये देती है। जन्म पर प्रारंभिक राशि, कक्षा-1 में 2,000, कक्षा-6 में 5,000, कक्षा-9 में 10,000, कक्षा-11 में 15,000 और मैच्योरिटी पर मुख्य धनराशि। परिवार की सालाना आय 2.5 लाख से कम होनी चाहिए। आंगनवाड़ी केंद्र या mpwcdmis.gov.in से फॉर्म भरें। दो बेटियों तक लाभ, जो ग्रामीण क्षेत्रों में क्रांति ला रही है।
महाराष्ट्र प्यारी बेटी योजना के लाभ
महाराष्ट्र की प्यारी बेटी योजना जन्म पर 5,000, कक्षा-1 पर 6,000, कक्षा-6 पर 7,000, कक्षा-11 पर 8,000 और 18 साल पर 75,000 रुपये देती है। कुल 1.01 लाख। दो लड़कियों तक सीमित, ऑनलाइन mahaitgov.in से आवेदन।
उत्तर प्रदेश कन्या सुमंगला योजना
उत्तर प्रदेश की कन्या सुमंगला योजना छह चरणों में 15,000 रुपये प्रति चरण (कुल 1 लाख) देती है। जन्म, टीकाकरण, कक्षा-1,6,9 और स्नातक पर फोकस। मेरठ में balvikasup.gov.in से फॉर्म डाउनलोड कर ब्लॉक कार्यालय जमा करें। आय सीमा 3 लाख सालाना।
अन्य राज्य योजनाएं और आवेदन प्रक्रिया
हिमाचल की बेटी है अनमोल योजना जन्म पर 21,000 रुपये FD और कक्षा-1 से कॉलेज तक छात्रवृत्ति (कक्षा-1-3:450, कक्षा-6-10:1,500 रुपये सालाना) देती है। जम्मू-कश्मीर की लाडली बेटी स्कीम में 21 साल पर 6 लाख तक जमा। सभी योजनाओं के लिए आधार, जन्म प्रमाण, बैंक पासबुक व आय प्रमाण जरूरी। समय पर आवेदन करें, वेरिफिकेशन के बाद DBT से पैसे आते हैं।
इन योजनाओं का सामाजिक प्रभाव
ये योजनाएं समाज में बेटियों के प्रति भेदभाव कम कर रही हैं। गरीब परिवारों की लड़कियां IIT-IIM जैसी संस्थाओं तक पहुंच रही हैं। सरकार की ये पहल लिंग समानता की दिशा में मील का पत्थर है। माता-पिता सही जानकारी से इनका पूरा फायदा उठाएं, ताकि बेटियां आत्मनिर्भर बनें।





