
तेज धूप और लू के थपेड़ों ने पूरे देश को जकड़ लिया है। दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश से लेकर छत्तीसगढ़ तक, गर्मी ने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। बच्चों की सेहत को देखते हुए राज्य सरकारें सक्रिय मोड में आ गई हैं। कहीं स्कूलों का समय सुबह तक सीमित कर दिया गया, तो कहीं मई का इंतजार किए बिना गर्मियों की छुट्टियां घोषित कर दी गईं। आज 21 अप्रैल से ही कई राज्यों में स्कूल बंद हो चुके हैं, जबकि दिल्ली-एनसीआर में 50 दिनों की लंबी छुट्टियों का ऐलान किसी भी पल हो सकता है।
उत्तराखंड: हर पीरियड के बाद वॉटर बेल की अनिवार्यता
उत्तराखंड सरकार ने बढ़ती गर्मी के बीच छात्रों को डिहाइड्रेशन से बचाने के लिए अनोखा कदम उठाया है। सभी स्कूलों में ‘वॉटर बेल’ बजाने का आदेश जारी किया गया है। जैसे एक पीरियड खत्म होने पर अगली क्लास के लिए बेल बजती है, वैसे ही हर घंटे पानी पीने के लिए अलग बेल बजेगी। यह निर्देश राज्यभर के सरकारी व निजी स्कूलों पर लागू है, ताकि बच्चे समय-समय पर हाइड्रेटेड रहें और गर्मी से होने वाली बीमारियों से बच सकें। विशेषज्ञों का कहना है कि यह छोटा-सा बदलाव जान बचा सकता है।
मध्य प्रदेश: स्कूल टाइमिंग सुबह 7:30 से दोपहर 12:30 तक
मध्य प्रदेश के सतना जिले में गर्मी के कहर के चलते स्कूलों की टाइमिंग में बड़ा बदलाव किया गया है। अब सभी स्कूल सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक ही चलेंगे, जबकि शिक्षकों के लिए यह समय दोपहर 1:30 बजे तक बढ़ाया गया है। दोपहर की तपish से छात्रों को बचाने का यह फैसला जिला प्रशासन ने लिया है। राज्य के अन्य हिस्सों में भी इसी तरह के निर्देश लागू हो रहे हैं, और हीटवेव अलर्ट के बीच छुट्टियों की घोषणा नजदीक बताई जा रही है।
छत्तीसगढ़: 20 अप्रैल से 15 जून तक सभी स्कूल बंद
छत्तीसगढ़ में गर्मी ने कोहराम मचा दिया है। राज्य सरकार ने कल 20 अप्रैल 2026 से ही सभी सरकारी, निजी और सहायता प्राप्त स्कूलों में गर्मियों की छुट्टियां घोषित कर दीं। ये छुट्टियां 15 जून तक चलेंगी। तपते सूरज से बच्चों की जान बचाने के लिए लिया गया यह साहसिक फैसला मई के सामान्य शेड्यूल से 10-15 दिन पहले है। अभिभावक भी इसकी सराहना कर रहे हैं, हालांकि शिक्षक संगठन अतिरिक्त कक्षाओं की मांग कर रहे हैं।
ओडिशा: कई जिलों में 21 अप्रैल तक छुट्टियां
ओडिशा में रेड अलर्ट के बीच कई जिलों के सरकारी व निजी स्कूलों व कॉलेजों को आज 21 अप्रैल तक बंद रखा गया है। बाकी जिलों में स्कूलों को सुबह 6:30 से 10:30 बजे तक ही सीमित कर दिया गया है। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद यह कदम उठाया गया, ताकि दोपहर की लू से बच्चे सुरक्षित रहें। राज्य में कुल 20 से अधिक जिले प्रभावित हैं, और स्थिति बिगड़ने पर छुट्टियां बढ़ सकती हैं।
केरल: छुट्टियों में कोई स्पेशल क्लास या एक्टिविटी नहीं
केरल सरकार ने साफ ललकार जारी की है कि गर्मी की छुट्टियों के दौरान कोई स्पेशल क्लास, अतिरिक्त कक्षाएं या अन्य गतिविधियां नहीं चलाई जाएंगी। उल्लंघन करने वाले स्कूलों पर सख्त कार्रवाई होगी। यह निर्देश शिक्षकों व प्रबंधनों के लिए बाध्यकारी है, क्योंकि राज्य में भी तापमान 38 डिग्री को पार कर चुका है। अभिभावक संगठनों ने इसे स्वागतयोग्य बताया है।
तेलंगाना: स्कूल बंद, वॉटर बेल और कूलिंग सेंटर्स सक्रिय
तेलंगाना में भी स्कूल बंद करने की घोषणा हो चुकी है। साथ ही वॉटर बेल लागू की गई है और ओपन एरिया में क्लासेस पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया। गर्मी से निपटने के लिए धार्मिक स्थल, मॉल व सार्वजनिक भवन ‘कूलिंग सेंटर्स’ के रूप में काम करेंगे, जहां पानी व छाया की व्यवस्था होगी। यह बहुआयामी रणनीति राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करेगी।
दिल्ली-एनसीआर: 50 दिनों की छुट्टियां imminent
दिल्ली-एनसीआर के गुरुग्राम, नोएडा, गाजियाबाद व फरीदाबाद में भी छुट्टियों का ऐलान बस दिनों का इंतजार है। संभावना है कि इस बार 50 दिनों की लंबी छुट्टियां मिलेंगी। उत्तर प्रदेश में शैक्षणिक कैलेंडर के अनुसार 20 मई से गर्मी की छुट्टियां शुरू होंगी, जो 15 जून तक चलेंगी। राजस्थान में 17 मई से 20 जून तक, हरियाणा में 1 जून से 30 जून तक स्कूल बंद रहेंगे। मेरठ जैसे शहरों में स्थानीय प्रशासन अतिरिक्त सतर्कता बरत रहा है।
बच्चों की सुरक्षा पहले: विशेषज्ञों की सलाह
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस साल गर्मी सामान्य से 4-5 डिग्री अधिक है। अभिभावकों को बच्चों को घर से बाहर कम निकालने, ढीले कपड़े पहनाने और ORS उपलब्ध रखने की सलाह दी जा रही है। शिक्षा मंत्रालय ने सभी राज्यों को निर्देश दिए हैं कि हीटवेव के दौरान प्राथमिकता बच्चों की सुरक्षा को दें। स्थिति पर नजर रखी जा रही है, और अपडेट्स स्थानीय जिला कलेक्टर कार्यालयों से लें।









