
शादियों के सीजन की शुरुआत और अक्षय तृतीया के नजदीक आते ही सर्राफा बाजारों में सोने-चांदी के दामों ने नया रिकॉर्ड बना दिया है। गुरुवार को प्रमुख बाजारों में सोने के भाव में जबरदस्त तेजी देखी गई, जहां 24 कैरेट सोने में 440 रुपये प्रति 10 ग्राम की बढ़ोतरी हुई और यह ₹1,53,305 तक पहुंच गया। चांदी भी कम नहीं ठहरी, जो 3,656 रुपये प्रति किलो महंगी होकर ₹2,52,675 के स्तर पर ट्रेड कर रही है। यह उछाल ज्वैलर्स और निवेशकों के लिए हैरान करने वाला है, क्योंकि त्योहारी मांग बढ़ने से पहले ही दाम इतने ऊंचे हो चुके हैं।
वैश्विक-घरेलू कारकों का असर
पिछले कुछ दिनों से वैश्विक और घरेलू कारकों ने सोने-चांदी को चमकाया है। जियो-पॉलिटिकल टेंशन, अमेरिकी फेड रिजर्व की नीतियां और भारत में बढ़ती शादी-ब्याह की डिमांड ने कीमतों को आसमान छूने पर मजबूर कर दिया। इंडियन बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के मुताबिक, 22 कैरेट गोल्ड 330 रुपये चढ़कर 10 ग्राम पर ₹1,40,427 हो गया, जबकि 18 कैरेट में 257 रुपये की तेजी के साथ यह ₹1,14,979 पर पहुंचा।
इन दरों पर जीएसटी नहीं लगी है, लेकिन मेकिंग चार्जेस अलग से जोड़े जाते हैं। मेरठ जैसे उत्तर प्रदेश के शहरों में भी भाव ऊंचे हैं- यहां 24 कैरेट 10 ग्राम का रेट ₹1,54,090 से ₹1,55,500 के बीच घूम रहा है, जो स्थानीय मांग को दर्शाता है।
MCX पर भी हड़कंप मचा
एमसीएक्स पर भी हड़कंप मचा है। दोपहर 2:15 बजे तक सोने का वायदा भाव 0.31 फीसदी ऊपर ₹1,54,420 पर था, वहीं चांदी 0.46 फीसदी की बढ़त के साथ ₹2,52,900 प्रति किलो पर ट्रेड कर रही थी। अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड $2,870 प्रति औंस के करीब मजबूत दिखा, जो डॉलर की कमजोरी और सुरक्षित निवेश की होड़ को दिखाता है। हालांकि, ऑल-टाइम हाई से सोना अभी ₹17,6121 से ₹22,816 सस्ता है और चांदी ₹1,33,258 नीचे, लेकिन हालिया तेजी ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है।
शहरों के बीच भावों का फर्क क्यों?
शहरों के बीच भावों में फर्क क्यों? यह सवाल हर खरीदार के मन में होता है। बेस प्राइस एक ही होता है, लेकिन लोकल टैक्स, हैंडलिंग चार्जेस, ढुलाई-बीमा खर्च और मेकिंग चार्जेस इसे प्रभावित करते हैं। दिल्ली-मुंबई में मामूली अंतर के पीछे राज्य-स्तरीय वैट और ट्रांसपोर्ट कॉस्ट जिम्मेदार हैं। शादी के सीजन में हाई डिमांड वाले शहरों जैसे जयपुर या लखनऊ में प्रीमियम बढ़ जाता है। मेरठ में सर्राफा व्यापारी बता रहे हैं कि पिछले 24 घंटों में 1,490 रुपये की बढ़ोतरी हुई, जो स्थानीय ज्वैलरी शॉप्स पर असर डाल रही है।
खरीदें या इंतजार करें?
क्या अभी खरीदें या रुकें? कमोडिटी विशेषज्ञ अजय केडिया का मानना है कि जियो-पॉलिटिकल टेंशन बरकरार रहने पर उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। अगर सीजफायर होता है, तो चांदी ₹2.55 लाख और सोना ₹1.58-1.60 लाख तक जा सकता है। निवेशक लॉन्ग टर्म के लिए सोने को सेफ मान रहे हैं, लेकिन शॉर्ट टर्म में करेक्शन की संभावना है। अक्षय तृतीया पर खरीदारी की परंपरा को देखते हुए ज्वैलर्स स्टॉक बढ़ा रहे हैं, लेकिन उपभोक्ता सलाह दे रहे हैं- स्थानीय रेट चेक करें और डिजिटल गोल्ड या ETF पर नजर रखें।
अर्थव्यवस्था का आईना बनी तेजी
कुल मिलाकर, यह तेजी अर्थव्यवस्था की अनिश्चितताओं का आईना है। किसानों से लेकर मध्यमवर्ग तक, हर कोई प्रभावित है। क्या दाम और चढ़ेंगे या स्थिर होंगे? आने वाले दिन बताएंगे।









