Tags

WhatsApp Ads: सावधान! व्हाट्सएप चलाने का अंदाज अब बदल जाएगा, स्टेटस और चैनल में दिखेंगे विज्ञापन; देखें नया अपडेट

व्हाट्सएप ने स्टेटस और चैनल्स में विज्ञापन ग्लोबली लॉन्च कर दिए। अपडेट्स टैब में स्पॉन्सर्ड ऐड्स स्वाइप से स्किप करें। प्राइवेसी सुरक्षित, चैट्स एन्क्रिप्टेड। बिजनेस को प्रमोशन का मौका, यूजर्स को हाइड/ब्लॉक ऑप्शन। भारत के 50 करोड़ यूजर्स पर असर, लोकल इकोनॉमी बूस्ट।

By Pinki Negi

WhatsApp Ads: सावधान! व्हाट्सएप चलाने का अंदाज अब बदल जाएगा, स्टेटस और चैनल में दिखेंगे विज्ञापन; देखें नया अपडेट

मैसेजिंग ऐप व्हाट्सएप ने अपने प्लेटफॉर्म पर स्टेटस ऐड्स और प्रमोटेड चैनल्स को ग्लोबली लॉन्च कर दिया है। कंपनी के अनुसार, यह बदलाव यूजर्स को ऐप के अंदर ही नए बिजनेस, ब्रांड्स और चैनल्स खोजने में मदद करेगा। इससे छोटे-बड़े कारोबारियों को अपनी पहुंच बढ़ाने का सुनहरा मौका मिलेगा। लेकिन सवाल यह है कि आम यूजर के लिए यह बदलाव कितना सुविधाजनक होगा? क्या ऐड्स परेशानी का सबब बनेंगे या फिर उपयोगी साबित होंगे? आइए, इस नए अपडेट की गहराई से पड़ताल करते हैं।

ऐड्स का नया रूप

व्हाट्सएप, जो मेटा के स्वामित्व वाला है, लंबे समय से विज्ञापन-मुक्त रहने के लिए जाना जाता रहा। लेकिन अब ‘अपडेट्स’ टैब में बदलाव आ गया है। यहां स्टेटस अपडेट्स और चैनल्स के बीच ‘स्पॉन्सर्ड’ लेबल वाले ऐड्स नजर आने लगेंगे। ये विज्ञापन सामान्य स्टेटस पोस्ट्स की तरह दिखेंगे, लेकिन स्पष्ट चिह्न के साथ। यूजर इन्हें बाएं या दाएं स्वाइप करके स्किप कर सकेंगे, ठीक वैसे ही जैसे दोस्तों के स्टेटस को आगे बढ़ाते हैं।

मार्च 2026 तक यह फीचर पूरी दुनिया में रोलआउट हो चुका है, जिसमें भारत जैसे बड़े बाजार शामिल हैं। पहले यह बीटा वर्जन में सीमित यूजर्स तक था, अब सभी एंड्रॉयड और आईओएस यूजर्स को मिल रहा है।

कैसे काम करेंगे ये ऐड्स?

‘अपडेट्स’ टैब खोलते ही सबसे ऊपर या बीच में प्रमोटेड चैनल्स दिखेंगे। उदाहरण के लिए, अगर आप शॉपिंग या न्यूज में रुचि रखते हैं, तो संबंधित ब्रांड्स के ऐड्स प्राथमिकता से आएंगे। कंपनी का दावा है कि ये ऐड्स यूजर की रुचि के आधार पर टारगेटेड होंगे, लेकिन डेटा कलेक्शन केवल पब्लिक इंटरेक्शन से होगा। बार-बार दिखने वाले ऐड्स पर ‘नॉट इंटरेस्टेड’ या ‘हाइड ऐड’ का ऑप्शन मिलेगा।

अगर कोई बिजनेस चैनल बार-बार परेशान करे, तो उसे ब्लॉक भी किया जा सकेगा। इससे यूजर्स को कंट्रोल मिलेगा। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि शुरू में ऐड्स की संख्या सीमित रहेगी ताकि यूजर अनुभव खराब न हो। भारत में, जहां 50 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं, यह फीचर लोकल बिजनेस को बूस्ट देगा। छोटे दुकानदार व्हाट्सएप बिजनेस ऐपीआई के जरिए आसानी से प्रमोट हो सकेंगे।

प्राइवेसी का क्या होगा?

सबसे बड़ा सवाल प्राइवेसी का है। व्हाट्सएप ने साफ कर दिया कि पर्सनल चैट्स, कॉल्स और स्टेटस अपडेट्स पर कोई असर नहीं पड़ेगा। सभी निजी बातचीत एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड रहेंगी। ऐड्स केवल ‘अपडेट्स’ टैब तक सीमित हैं, जहां पहले से पब्लिक चैनल्स और स्टेटस दिखते हैं। कंपनी के ब्लॉग के मुताबिक, यूजर डेटा को स्कैन नहीं किया जाएगा। कुछ बाजारों में ऐड-फ्री प्रीमियम सब्सक्रिप्शन की भी योजना है, लेकिन भारत के लिए अभी कोई घोषणा नहीं। प्राइवेसी एडवोकेट्स का मानना है कि यह कदम सतर्कता से उठाया गया है, क्योंकि यूजर्स विज्ञापन से भरे इंस्टाग्राम या फेसबुक से तंग आ चुके हैं।

बिजनेस के लिए फायदे और चुनौतियां

ब्रांड्स के लिए यह कमाई का नया जरिया है। व्हाट्सएप चैनल्स पहले से पॉपुलर हैं, अब प्रमोटेड वर्जन से पहुंच दोगुनी हो सकती है। मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कहा कि इससे क्रिएटर्स और बिजनेस को सपोर्ट मिलेगा। लेकिन यूजर्स के लिए चुनौती है ऐड्स की भरमार। अगर कंट्रोल सख्त न रहा, तो लोग सिग्नल जैसे ऐप्स की ओर रुख कर सकते हैं। भारत में डिजिटल इंडिया के तहत यह फीचर लोकल इकोनॉमी को मजबूत करेगा, खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में।

कुल मिलाकर, व्हाट्सएप का यह दांव रणनीतिक है। फ्री ऐप को सस्टेनेबल बनाने के लिए विज्ञापन जरूरी थे, लेकिन यूजर चॉइस को प्राथमिकता दी गई। क्या यह बदलाव स्वीकार्य होगा? आने वाले महीनों में यूजर फीडबैक ही फैसला करेगा। फिलहाल, अपडेट चेक करें और सेटिंग्स में जाकर प्रेफरेंस सेट कर लें।

Author
Pinki Negi
GyanOK में पिंकी नेगी बतौर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं। पत्रकारिता में उन्हें 7 वर्षों से भी ज़्यादा का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2018 में NVSHQ से की थी, जहाँ उन्होंने शुरुआत में एजुकेशन डेस्क संभाला। इस दौरान पत्रकारिता के क्षेत्र में नए-नए अनुभव लेने के बाद अमर उजाला में अपनी सेवाएं दी। बाद में, वे नेशनल ब्यूरो से जुड़ गईं और संसद से लेकर राजनीति और डिफेंस जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर रिपोर्टिंग की। पिंकी नेगी ने साल 2024 में GyanOK जॉइन किया और तब से GyanOK टीम का हिस्सा हैं।

अभी-अभी मोदी का ऐलान

हमारे Whatsaap ग्रुप से जुड़ें