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8th Pay Commission: कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर! वेतन आयोग की वेबसाइट हुई ठप, दिल्ली में सैलरी हाइक पर होने जा रही है महा-बैठक

आठवें वेतन आयोग की दिल्ली में तीन दिवसीय (28-30 अप्रैल) महत्वपूर्ण बैठकें शुरू हो गई हैं। हालांकि, आयोग की आधिकारिक वेबसाइट (8cpc.gov.in) के इन एक्सेस न होने से कर्मचारियों में असमंजस है। कर्मचारी संघ 3.83 फिटमेंट फैक्टर और 69,000 रुपये न्यूनतम वेतन की मांग कर रहे हैं, लेकिन वेबसाइट की तकनीकी खामियों ने अपडेट्स पाने की प्रक्रिया को प्रभावित किया है।

By Pinki Negi

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केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए आज का दिन बेहद महत्वपूर्ण है। एक ओर जहाँ 8वें वेतन आयोग (8th Central Pay Commission) द्वारा नई दिल्ली में कर्मचारी संगठनों के साथ तीन दिवसीय महत्वपूर्ण बैठकों का दौर आज 28 अप्रैल 2026 से शुरू हो चुका है, वहीं दूसरी ओर आयोग की आधिकारिक वेबसाइट (8cpc.gov.in) पर तकनीकी खराबी ने कर्मचारियों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। इस पोर्टल के क्रैश होने से लाखों कर्मचारियों के लिए अपनी बात रखने और नवीनतम अपडेट प्राप्त करने का मुख्य रास्ता फिलहाल अवरुद्ध हो गया है।

वेबसाइट की तकनीकी चुनौतियां

यह पहली बार नहीं है जब 8वें वेतन आयोग के पोर्टल पर इस तरह की समस्याएं सामने आई हैं। नेशनल काउंसिल ऑफ जॉइंट कंसल्टेटिव मशीनरी (NC-JCM) जैसे प्रमुख कर्मचारी संगठनों ने आयोग को पत्र लिखकर पहले ही पोर्टल की खामियों को उजागर कर दिया था। कर्मचारियों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, ओटीपी सत्यापन में विफलता, सबमिशन के दौरान ‘Invalid input detected‘ जैसे एरर और निर्धारित 47 सब-थीम के मुकाबले केवल 18 रिस्पॉन्स फील्ड्स की उपलब्धता जैसी गंभीर समस्याएं पोर्टल पर आ रही हैं।

30 अप्रैल 2026 की समय सीमा निकट होने के कारण, वेबसाइट का बार-बार ठप होना एक बड़ा प्रश्नचिन्ह खड़ा कर रहा है, जिससे कर्मचारी अपने महत्वपूर्ण सुझाव और ज्ञापन आयोग तक नहीं पहुँचा पा रहे हैं।

दिल्ली में महा-बैठक: भविष्य की राह

इन तकनीकी बाधाओं के बावजूद, नई दिल्ली में 28 से 30 अप्रैल तक आयोजित होने वाली बैठकें वेतन संरचना में बदलाव की दिशा में निर्णायक साबित हो सकती हैं। आयोग ने स्पष्ट किया है कि बैठकों का शेड्यूल काफी संक्षिप्त है और बड़ी संख्या में यूनियनों/एसोसिएशनों के अनुरोध प्राप्त होने के कारण सभी के साथ विस्तृत चर्चा संभव नहीं हो पाएगी, फिर भी यह संवाद प्रक्रिया कर्मचारियों के हितों के लिए महत्वपूर्ण है। इन बैठकों का मुख्य एजेंडा वेतनमान, भत्तों के पुनर्गठन और सबसे महत्वपूर्ण- फिटमेंट फैक्टर पर चर्चा करना है।

NC-JCM की प्रमुख मांगें

इस महत्वपूर्ण दौर में, NC-JCM ने अपनी मांगों को मजबूती से रखा है। प्रमुख मांगों में न्यूनतम बेसिक वेतन को मौजूदा 18,000 रुपये से बढ़ाकर 69,000 रुपये करने का प्रस्ताव शामिल है। इसके अतिरिक्त, कर्मचारी संगठनों ने 3.83 के फिटमेंट फैक्टर, 6% वार्षिक इंक्रीमेंट और सबसे बहुप्रतीक्षित पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली की मांग भी जोर-शोर से उठाई है। कर्मचारी यूनियनों का तर्क है कि बढ़ती महंगाई और जीवनयापन की वर्तमान लागत को देखते हुए यह संशोधन अत्यंत आवश्यक है।

निष्कर्ष

वर्तमान में केंद्रीय कर्मचारी और पेंशनभोगी एक निर्णायक मोड़ पर हैं। जहां वेबसाइट के सर्वर क्रैश होने से उनमें असंतोष और बेचैनी है, वहीं दिल्ली में चल रही बैठकें उम्मीद की एक नई किरण लेकर आई हैं। कर्मचारियों को सलाह दी जाती है कि वे धैर्य रखें और किसी भी आधिकारिक सूचना के लिए आयोग के नोटिस बोर्ड या आधिकारिक संचार माध्यमों का इंतजार करें। आने वाले दिनों में यह स्पष्ट हो जाएगा कि आयोग इन तकनीकी शिकायतों को कैसे सुलझाता है और कर्मचारी संगठनों की मांगों पर क्या सकारात्मक निर्णय लिए जाते हैं।

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Pinki Negi
GyanOK में पिंकी नेगी बतौर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं। पत्रकारिता में उन्हें 7 वर्षों से भी ज़्यादा का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2018 में NVSHQ से की थी, जहाँ उन्होंने शुरुआत में एजुकेशन डेस्क संभाला। इस दौरान पत्रकारिता के क्षेत्र में नए-नए अनुभव लेने के बाद अमर उजाला में अपनी सेवाएं दी। बाद में, वे नेशनल ब्यूरो से जुड़ गईं और संसद से लेकर राजनीति और डिफेंस जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर रिपोर्टिंग की। पिंकी नेगी ने साल 2024 में GyanOK जॉइन किया और तब से GyanOK टीम का हिस्सा हैं।