
अगर आपकी सैलरी का एक हिस्सा हर महीने पीएफ (प्रॉविडेंट फंड) के रूप में कटता है, तो आपके लिए अच्छी खबर है। केंद्र सरकार ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ईपीएफओ (EMPLOYEES’ PROVIDENT FUND ORGANISATION) की ब्याज दरों का ऐलान कर दिया है। केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया की अध्यक्षता में 2 मार्च 2026 को हुई केंद्रीय न्यासी बोर्ड (CBT) की 239वीं बैठक में यह निर्णय लिया गया कि पीएफ जमा पर 8.25 प्रतिशत की दर से ब्याज दिया जाएगा।
यह लगातार तीसरा साल है जब ब्याज दर में कोई बदलाव नहीं किया गया, जो वैश्विक बाजार की अस्थिरता के बावजूद कर्मचारियों के लिए स्थिरता का संदेश देता है।
ब्याज दर का महत्व
ग्लोबल मार्केट में उतार-चढ़ाव के दौर में 8.25% की यह दर फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) और पीपीएफ जैसी बचत योजनाओं से बेहतर साबित हो रही है। CBT ने इस सिफारिश को वित्त मंत्रालय को भेज दिया है, जहां से औपचारिक मंजूरी मिलने के बाद श्रम मंत्रालय नोटिफिकेशन जारी करेगा। इसके बाद करोड़ों सक्रिय सदस्यों (लगभग 7 करोड़) और कुल 30 करोड़ खाताधारकों के अकाउंट में ब्याज क्रेडिट प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। ब्याज मासिक आधार पर कैलकुलेट होता है, लेकिन सालाना 31 मार्च को जमा किया जाता है। पिछले वर्षों की तुलना में यह दर 2023-24 में 8.15% से बढ़ाकर 8.25% की गई थी, जो अब स्थिर है।
ऑटो सेटलमेंट से लाखों खातों को राहत
बैठक में ब्याज दर के अलावा एक क्रांतिकारी फैसला भी लिया गया। अब 1000 रुपये या उससे कम बैलेंस वाले इनऑपरेटिव (बंद पड़े) खातों का ऑटो सेटलमेंट होगा। इससे 1.33 लाख खाताधारकों को फायदा मिलेगा और 5.68 करोड़ रुपये सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर हो जाएंगे। पहले इन छोटी रकमों के लिए लंबी कागजी कार्रवाई और दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ते थे, लेकिन अब डिजिटल प्रक्रिया से यह आसान हो गया।
डिजिटल और पारदर्शी सिस्टम की नई पहल
ईपीएफओ अब पूरी तरह पेपरलेस बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। नया स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) जारी किया गया है, जो भ्रष्टाचार रोकने और कंपनियों के लिए अनुपालन को सरल बनाएगा। साथ ही, ईपीएफ, ईपीएस (पेंशन) और ईडीएलआई (बीमा) योजनाओं के फॉर्मेट को सोशल सिक्योरिटी कोड 2020 के अनुरूप अपडेट किया गया। इससे पेंशन और बीमा लाभ अधिक सुरक्षित होंगे।
एम्नेस्टी स्कीम से विवादों का अंत
कंपनियों और कर्मचारियों के पुराने विवाद सुलझाने के लिए ‘एम्नेस्टी स्कीम’ लॉन्च की गई। इसमें जुर्माना माफी देकर फंसे पैसे जारी किए जाएंगे, जिससे कानूनी पचड़े खत्म होंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि ये कदम ईपीएफओ को और मजबूत बनाएंगे।
बैलेंस कैसे चेक करें? UMANG ऐप, EPFO पोर्टल, SMS (7738299899) या मिस्ड कॉल (1922) से आसानी से जांचें। यह फैसला रिटायरमेंट सेविंग को मजबूत करेगा।









