
केंद्रीय विद्यालय संगठन (KVS) ने देशभर के 1200 से अधिक केंद्रीय विद्यालयों में बाल वाटिका (1, 2, 3) और कक्षा 1 के एडमिशन प्रक्रिया को नया मोड़ दिया है। आज यानी बुधवार को दूसरी प्रोविजनल लिस्ट जारी हो रही है, जो पहले चरण में सीट न मिल पाने वाले हजारों अभिभावकों के लिए राहत की सांस लेकर आई है। पहली लिस्ट 8-10 अप्रैल को जारी हुई थी, जिसमें कई सीटें खाली रह गईं। अब ये खाली सीटें लॉटरी सिस्टम के जरिए दूसरे राउंड में भरी जाएंगी।
लिस्ट चेक करने की आसान प्रक्रिया
KVS की आधिकारिक वेबसाइट kvsangathan.nic.in या admission.kvs.gov.in पर लिस्ट अपलोड होते ही अभिभावक स्टेट, जिला और स्कूल चुनकर नाम चेक कर सकेंगे। प्रक्रिया बेहद सरल है। सबसे पहले होमपेज पर ‘KVS 2nd Provisional List 2026’ लिंक पर क्लिक करें। फिर अपना राज्य, स्कूल का नाम और क्लास (बाल वाटिका या कक्षा 1) सिलेक्ट करें। सर्च बटन दबाते ही लिस्ट खुल जाएगी, जहां एप्लीकेशन नंबर के साथ नाम साफ दिखेगा। लिंक एक्टिवेट होते ही लाखों अभिभावक इसे खोजने में जुट जाएंगे, इसलिए थोड़ा इंतजार करना पड़ सकता है।
रिपोर्टिंग के लिए जरूरी दस्तावेज और समय
जिन बच्चों का नाम इस लिस्ट में आएगा, उन्हें तत्काल स्कूल पहुंचना होगा। रिपोर्टिंग की तारीखें सख्ती से निर्धारित हैं- आमतौर पर 2-3 दिनों के अंदर। अभिभावक बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र, माता-पिता का आधार कार्ड, निवास प्रमाण, कैटेगरी सर्टिफिकेट (SC/ST/OBC/EWS के लिए) और RTE प्रमाण पत्र (यदि लागू) साथ ले जाएं। डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के बाद फीस जमा कर एडमिशन कन्फर्म हो जाएगा। देरी होने पर सीट किसी और को मिल सकती है। KVS अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि फर्जी दस्तावेज पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई होगी।
प्राथमिकता श्रेणियों के लिए वरदान
यह दूसरा मौका उन परिवारों के लिए वरदान है, जो सरकारी नौकरियों या ट्रांसफरेबल जॉब्स वाले अभिभावकों के हैं। KVS प्राथमिकता श्रेणियों- केंद्रीय/राज्य कर्मचारी, पूर्व सैनिक, प्रोजेक्ट सेक्टर आदि- को ध्यान में रखकर लॉटरी चलाता है। पहले राउंड में करीब 1.5 लाख आवेदनों में से आधे बच्चों को सीट मिली, लेकिन RTE कोटा और प्राथमिकता वाले मामलों में कई सीटें बचीं। विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तर प्रदेश, बिहार जैसे राज्यों में डिमांड सबसे ज्यादा है, जहां मेरठ जैसे शहरों के स्कूलों में बाल वाटिका की सीटें फटाफट भरती हैं।
तीसरी लिस्ट और आगे की प्रक्रिया
यदि दूसरी लिस्ट के बाद भी सीटें रिक्त रहें, तो 21 अप्रैल को तीसरी प्रोविजनल लिस्ट जारी होगी। उसके बाद 22 अप्रैल से स्पेशल प्रोटोकॉल शुरू- RTE, OBC, SC/ST के लिए ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन। अभिभावक सलाह देते हैं कि ऑनलाइन ट्रैकिंग ऐप या स्कूल हेल्पलाइन (1800-11-8004) का इस्तेमाल करें। KVS ने साफ कहा है कि कोई काउंसलिंग या डायरेक्ट एडमिशन नहीं चलेगा- सब लॉटरी पर निर्भर।
NEP 2020 के अनुरूप प्रक्रिया
यह प्रक्रिया NEP 2020 के अनुरूप है, जो 3-8 साल के बच्चों के लिए बाल वाटिका को मजबूत बनाती है। अभिभावक उत्साहित हैं, लेकिन सतर्क भी। एक मेरठवासी मां ने कहा, “पहले राउंड में नाम न आने से निराशा हुई, लेकिन आज उम्मीद बंधी है।” KVS ने अभिभावकों से अपील की है कि पोर्टल परधक्कमुश्किल न डालें और धैर्य रखें। एडमिशन शेड्यूल में कोई बदलाव नहीं, लेकिन अपडेट के लिए वेबसाइट चेक करते रहें। इस मौके को हाथ से न जाने दें- बच्चे का भविष्य केंद्रीय विद्यालय की गुणवत्ता से संवर सकता है









