
भारत का आधार कार्ड आज हर महत्वपूर्ण काम का आधार बन चुका है, चाहे वह बैंक अकाउंट खोलना हो, सरकारी योजना का लाभ लेना हो या मोबाइल सिम लेना हो। लेकिन विदेश में बसे करोड़ों भारतीयों (एनआरआई) के लिए यह सवाल हमेशा बना रहता है कि क्या वे भी आधार कार्ड बनवा सकते हैं, खासकर जब उनके पासपोर्ट पर विदेशी पता ही दर्ज हो। UIDAI (यूनीक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया) ने स्पष्ट कर दिया है कि हां, एनआरआई आसानी से आधार बनवा सकते हैं।
पहले जहां 182 दिनों की न्यूनतम निवास अवधि की बाध्यता थी, अब वह हटा दी गई है। भारत आने पर किसी भी आधार केंद्र पर जाकर नामांकन कराया जा सकता है। यह बदलाव एनआरआई समुदाय के लिए वरदान साबित हो रहा है, क्योंकि अब वे बिना किसी झंझट के भारत की वित्तीय और सरकारी सेवाओं से जुड़ सकते हैं।
UIDAI की पात्रता शर्तें
UIDAI की आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, एनआरआई- चाहे वयस्क हों या नाबालिग- अपने वैध भारतीय पासपोर्ट के साथ आवेदन कर सकते हैं। महत्वपूर्ण बात यह है कि पासपोर्ट में दर्ज विदेशी पता ही आधार कार्ड पर प्रिंट होगा। इसका मतलब एनआरआई को भारत का स्थायी पता साबित करने की जरूरत नहीं। पासपोर्ट को प्रूफ ऑफ आइडेंटिटी (POI) और प्रूफ ऑफ एड्रेस (POA) दोनों के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है।
आवेदक की उम्र कम से कम 3 वर्ष होनी चाहिए, जबकि 1 अक्टूबर 2023 के बाद जन्मे बच्चों के लिए जन्म प्रमाण पत्र अनिवार्य है। ईमेल आईडी देना जरूरी है, क्योंकि विदेशी मोबाइल नंबर पर SMS अलर्ट नहीं भेजा जाता। विदेशी पासपोर्ट वाले भारतीय नागरिक या OCI/PIO कार्डधारक अलग श्रेणी में आते हैं, जिन्हें अतिरिक्त शर्तें पूरी करनी पड़ती हैं। OCI के मामले में 182 दिनों का निवास दिखाना पड़ सकता है।
सरल आवेदन प्रक्रिया
आवेदन प्रक्रिया बेहद सरल है। सबसे पहले UIDAI की वेबसाइट पर जाकर ‘बुक एंड अपॉइंटमेंट’ सेक्शन में अपना नजदीकी आधार सेवा केंद्र चुनें और एनआरआई कैटेगरी सिलेक्ट करें। कैप्चा भरने के बाद अपॉइंटमेंट बुक हो जाएगा। भारत पहुंचने पर अपॉइंटमेंट डेट पर केंद्र जाएं। वहां ऑपरेटर को स्पष्ट बताएं कि आप एनआरआई हैं। नया एनआरआई-विशिष्ट फॉर्म (फॉर्म-1 या उम्र के आधार पर फॉर्म 2/4/6) भरें, जिसमें अलग डिक्लेरेशन होता है। सभी डिटेल्स- नाम, जन्मतिथि, लिंग, पिता/पति का नाम- स्क्रीन पर चेक करें।
फिर बायोमेट्रिक प्रक्रिया पूरी करें: फिंगरप्रिंट, आईरिस स्कैन और फोटो। सबमिट करने से पहले लोकल भाषा में भी वेरिफाई करें। आखिर में 14-अंकीय एनरोलमेंट आईडी वाली रसीद लें, जिससे uidai.gov.in पर स्टेटस चेक कर सकें। पूरी प्रक्रिया 30-45 मिनट लेती है और आधार 90 दिनों में जनरेट हो जाता है।
एनआरआई के लिए खास फायदे
यह सुविधा एनआरआई के लिए इसलिए खास है क्योंकि आधार के बिना भारत में प्रॉपर्टी खरीदना, बैंकिंग या टैक्स फाइलिंग मुश्किल हो जाती है। पहले नियम सख्त थे, लेकिन 2023-24 के अपडेट्स ने इसे आसान बना दिया। हालांकि, ऑनलाइन नामांकन संभव नहीं- भारत में फिजिकल प्रेजेंस जरूरी। अगर पासपोर्ट के अलावा DOB या POA के लिए अतिरिक्त डॉक्यूमेंट चाहिए, तो UIDAI की वैलिड लिस्ट चेक करें। गलत जानकारी देने पर आधार रद्द हो सकता है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि यात्रा से पहले अपॉइंटमेंट बुक कर लें, क्योंकि केंद्रों पर भीड़ रहती है।
UIDAI के इस कदम से विदेशी भारतीयों को घर जैसा अनुभव मिलेगा। अब वे बिना चिंता के भारत लौटकर सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे। अधिक जानकारी के लिए uidai.gov.in पर विजिट करें।





