
ग्लोबल बाजार साल की पहली तिमाही के अंत में पहुंचे हैं, जो भू-राजनीतिक तनाव और ईरान युद्ध की आग में झुलस गए। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को होरमुज स्ट्रेट खोलने का अप्रैल तक अल्टीमेटम दिया है, वरना उसके पावर इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले की चेतावनी दी। इससे निवेशकों की टेंशन चरम पर है। आने वाले 10 दिनों में आर्थिक आंकड़े और क्वार्टरली रिजल्ट्स के बीच बाजार और बेचैन दिख रहा है।
पहली तिमाही का भू-राजनीतिक असर
पहली तिमाही में शेयर बाजार पूरी तरह भू-राजनीति के साये में रहीं। ईरान युद्ध से ग्लोबल मार्केट से 7 ट्रिलियन डॉलर का फटाफट सफाया हो गया। तेल कीमतें 70% और गैस 85% उछल चुकी हैं, जिससे महंगाई का डबल अटैक निवेशकों पर पड़ रहा है। भारत में कोर महंगाई 4.6% पर अटकी है, जबकि FD रिटर्न टैक्स के बाद नेगेटिव हो गया। RBI ब्याज दरें ऊंची रख सकता है, उधार महंगा हो गया और उपभोक्ता खर्च गिरा।
तेल बाजार में हाहाकार
तेल बाजार में हाहाकार मच गया। मार्च में ट्रंप के बयान पर तेल 15% लुढ़क गया, लेकिन पहले बड़े सेल ऑर्डर ने हलचल मचा दी। ऊर्जा संकट से AI इंडस्ट्री पर सवाल उठे, क्योंकि एनर्जी खपत बढ़ रही है। अमेरिका का मार्च जॉब्स डेटा रोजगार की सेहत बताएगा- फरवरी में नौकरियां घटीं, बेरोजगारी बढ़ी। महंगे ईंधन से ग्रोथ पर ब्रेक लग सकता है। दक्षिण कोरिया के ट्रेड डेटा DRAM चिप्स सप्लाई पर नजर डालेंगे, जो AI के लिए क्रिटिकल हैं।
यूरोप में महंगाई का दबाव
यूरोप में ऊर्जा उछाल से महंगाई फिर भड़क सकती है। ECB पर दरें बढ़ाने का प्रेशर बनेगा। भारत में उच्च ब्याज FD (6-7.5%) को आकर्षक बनाते हैं, लेकिन महंगाई बाद रिटर्न कम। शेयरों में कर्ज-वाली कंपनियां दबाव में। विशेषज्ञ कहते हैं- इक्विटी म्यूचुअल फंड/SIP (12-15% रिटर्न), SGB (2.5% ब्याज+गोल्ड ग्रोथ), RBI फ्लोटिंग बॉन्ड (7-8%), FD लैडरिंग और रियल एस्टेट चुनें। पोर्टफोलियो: 30% इक्विटी, 20% गोल्ड, बाकी डेट।
निवेश विकल्प तालिका
| विकल्प | रिटर्न | जोखिम |
|---|---|---|
| इक्विटी SIP | 12-15% | मध्यम |
| SGB | 8-10%+ | कम |
| RBI बॉन्ड | 7-8% | बहुत कम |
| FD लैडरिंग | 6-7.5% | कम |
निवेशक छोटे SIP से शुरू करें, डायवर्सिफाई रखें। बाजार अनिश्चित है- हर खबर पर नजर। ईरान टेंशन से तेल अगर 100 डॉलर पार करे, तो महंगाई 6% छू सकती है। ट्रंप की नीतियां और फेड का रुख निर्णायक। फिलहाल सतर्क रहें, लॉन्ग-टर्म फोकस रखें।









