
संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) द्वारा आयोजित राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (NDA‑I) 2026 की परीक्षा 12 अप्रैल 2026 को दो शिफ्टों में ऑफलाइन मोड, यानी पेन‑पेपर के माध्यम से आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा का आयोजन 10 दिसंबर से 30 दिसंबर 2025 के बीच चलने वाली आवेदन प्रक्रिया के बाद किया जा रहा है, जिससे लाखों युवाओं के सैन्य जीवन की ओर बढ़ने का रास्ता खुलता है।
शिफ्ट‑1 में सुबह 10:00 बजे से 12:30 बजे तक गणित (Mathematics) और शिफ्ट‑2 में दोपहर 02:00 बजे से 04:30 बजे तक जनरल एबिलिटी टेस्ट (GAT) लिया जाएगा। रिपोर्टिंग समय क्रमशः सुबह 09:50 बजे और दोपहर 01:50 बजे से शुरू होगा, जिसके लिए उम्मीदवारों को परीक्षा से कम से कम एक घंटा पहले परीक्षा केंद्र पर पहुंचने की सलाह दी गई है।
परीक्षा पैटर्न और चयन प्रक्रिया
एनडीए परीक्षा का पैटर्न पारंपरिक रूप से दो पेपरों पर आधारित है: पेपर‑1 गणित (120 प्रश्न, 300 अंक) और पेपर‑2 GAT (150 प्रश्न, 600 अंक), जिनकी अवधि 2.5 घंटे है और कुल 5 घंटे में 900 अंकों के लिए आयोजित की जाती है। हर सही उत्तर पर 2.5 अंक दिए जाते हैं, जबकि गलत उत्तर पर अंक काटे जाते हैं- गणित में 0.83 अंक और GAT में 1.33 अंक कटते हैं। चयन प्रक्रिया लिखित परीक्षा और एसएसबी इंटरव्यू के दो चरणों में पूरी होती है, जो उम्मीदवारों के बौद्धिक और व्यक्तित्व- दोनों का मूल्यांकन करता है।
पहला नियम: समय की सख्त पाबंदी
इतनी व्यवस्थित प्रक्रिया के बीच UPSC ने परीक्षा केंद्र पहुंचने से पहले पालन करने के लिए कुछ सख्त नियम स्पष्ट किए हैं, जिनकी अनदेखी करने पर उम्मीदवार को परीक्षा हॉल में एंट्री तक से रोक सकते हैं। इन नियमों को न जानकर या उनकी अनदेखी करने से घंटों की तैयारी और महीनों की मेहनत बेकार हो सकती है।
परीक्षा केंद्र पर गेट परीक्षा शुरू होने से ठीक 30 मिनट पहले बंद हो जाता है। यानी गणित पेपर के लिए सुबह 10:00 बजे शुरू होने से पहले 09:30 बजे तक और GAT के लिए 01:30 बजे तक सभी उम्मीदवारों को अंदर पहुंच जाना चाहिए। किसी भी हालत में ट्रैफिक जाम, JRMP या बस न आने जैसे बहाने स्वीकार नहीं किए जाते हैं। यूपीएससी सलाह देता है कि उम्मीदवार कम से कम एक घंटा पहले सेंटर पर होकर फ्रिस्किंग और रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया का समय निकाल लें। यह नियम देर से पहुंचने वालों को तुरंत बाहर रखने का आधार है, जिससे वातावरण में भ्रम या भेदभाव नहीं रहता।
दूसरा नियम: वैध एडमिट कार्ड और फोटो‑आईडी की जरूरत
बिना वैध एडमिट कार्ड और फोटो‑आईडी के किसी भी उम्मीदवार को परीक्षा हॉल में एंट्री नहीं मिलेगी। ये नियम नकल या अनधिकृत उम्मीदवारों को रोकने के उद्देश्य से हैं, जो एनडीए की ईमानदारी बनाए रखते हैं।
ई‑हॉल‑टिकट upsconline.nic.in से डाउनलोड करके प्रिंटआउट लाना अनिवार्य है; अगर कार्ड में गलती (नाम, रोल नंबर, सेंटर) मिले तो यूपीएससी को तुरंत ईमेल पर सूचित करने की व्यवस्था है। फोटो‑आईडी के लिए PAN, Aadhaar, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस जैसे सरकारी डॉक्यूमेंट स्वीकार्य हैं, जबकि छात्र कार्ड या गेम कार्ड आमतौर पर अस्वीकार रहते हैं।
तीसरा नियम: निर्धारित सेंटर पर ही पहुंचें
यूपीएससी द्वारा एडमिट पर लिखित सेंटर से अलग किसी भी स्थान पर जाने पर एंट्री नहीं मिलेगी, चाहे वह सेंटर नज़दीक हो या त्रुटि से लगे। यह नियम भीड़ और गड़बड़ी को रोकने और प्रशासनिक व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए है।
उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि कम से कम एक दिन पहले सेंटर जाकर रास्ता, गेट नंबर और यातायात व्यवस्था की जांच कर लें, ताकि दिन भर की तैयारी 5 मिनट की गलती से बर्बाद न हो।
चौथा नियम: बिना इलेक्ट्रॉनिक और अनावश्यक बैग के
यूपीएससी ने सख्ती से निषेध किया है कि मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, कैलकुलेटर, ब्लूटूथ, ईयरफ़ोन, डिजिटल कैमरा, USB या बड़े बैग जैसी कोई भी इलेक्ट्रॉनिक वस्तु परीक्षा केंद्र में लाना वर्जित है। इन चीजों को लॉकर या जमा‑स्थान पर रखना आवश्यक है, जहां परीक्षा अधिकारी जांच कर सकते हैं।
इनमें से किसी को भी छिपाकर हॉल में ले जाने पर उम्मीदवार को तुरंत बाहर निकाला जा सकता है और उस पेपर के लिए उत्तरपुस्तिका खारिज की जा सकती है, जो चयन प्रक्रिया में गंभीर प्रभाव डालता है।
पांचवा नियम: मेडिकल आवश्यकताओं के साथ सावधानी
यदि उम्मीदवार को नशे की दवाई या इंसुलिन जैसी मेडिकल चीज़ों की ज़रूरत हो, तो उसकी डॉक्टर रिसेप्ट या प्रूफ अपने साथ रखना चाहिए। यह नियम मरीज उम्मीदवारों के लिए राहत के साथ नियमन करता है, ताकि गलतफहमी या गलत इस्तेमाल से बचा जा सके।
इन सख्त नियमों के पीछे एक ही उद्देश्य है: एनडीए परीक्षा की निष्पक्षता और कड़ाई बनाए रखना, जो देश के भविष्य के सैनिकों के चयन की नींव है। उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि परीक्षा से पहले इन नियमों का विस्तृत अध्ययन करें और अपनी तैयारी के साथ योजना बनाएं, ताकि आत्मविश्वास के साथ सफलता की ओर कदम बढ़ा सकें।









