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TV Viewers Alert: फ्री चैनल्स को लेकर TRAI का बड़ा फैसला, अब आपकी टीवी स्क्रीन पर नहीं चलेगी मनमानी

भारत में FAST प्लेटफॉर्म तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं, लेकिन इन पर अभी तक कोई सख्त नियम नहीं है। TRAI ने ALTD सेगमेंट के लिए रेगुलेटरी फ्रेमवर्क बनाने की प्रक्रिया शुरू की है, ताकि FAST सेवाओं को भी केबल और DTH जैसे प्लेटफॉर्म के समान नियमों के दायरे में लाया जा सके।

By Pinki Negi

TV Viewers Alert: फ्री चैनल्स को लेकर TRAI का बड़ा फैसला, अब आपकी टीवी स्क्रीन पर नहीं चलेगी मनमानी

भारत में तेजी से बढ़ रही फ्री स्ट्रीमिंग टीवी सेवाओं को अब नियमों के दायरे में लाने की तैयारी शुरू हो गई है। Telecom Regulatory Authority of India (TRAI) ने इस दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए नई पीढ़ी की स्ट्रीमिंग सेवाओं, खासकर FAST (Free Ad-Supported Streaming Television), को रेगुलेट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह कदम इसलिए जरूरी माना जा रहा है क्योंकि अभी तक ये प्लेटफॉर्म बिना किसी सख्त नियम के काम कर रहे हैं, जबकि पारंपरिक टीवी प्लेटफॉर्म जैसे केबल और DTH को कई नियमों का पालन करना पड़ता है।

TRAI ने ALTD के लिए नया फ्रेमवर्क बनाने की पहल

TRAI ने अपने कंसल्टेशन पेपर में ALTD यानी Application-based Linear Television Distribution सेवाओं के लिए एक फ्रेमवर्क बनाने पर राय मांगी है. यह एक बड़ा कैटेगरी है जिसमें FAST प्लेटफॉर्म शामिल हैं, जो इंटरनेट के जरिए लाइव टीवी चैनल दिखाते हैं। यह पहल Ministry of Information and Broadcasting (MIB) के सुझाव के बाद की गई है, जिसने TRAI से कहा था कि FAST सेवाओं को भी रेगुलेट किया जाए ताकि सभी प्लेटफॉर्म के बीच बराबरी बनी रहे और उपभोक्ताओं के हित सुरक्षित रहें

केबल और DTH का FAST प्लेटफॉर्म पर विरोध

काफी समय से केबल और DTH कंपनियां FAST प्लेटफॉर्म का विरोध कर रही हैं. उनका कहना है कि FAST प्लेटफॉर्म तेजी से बढ़ रहे हैं, लेकिन उन पर लाइसेंस, टैरिफ और क्वालिटी के नियम लागू नहीं होते। TRAI ने भी माना है कि FAST प्लेटफॉर्म टीवी चैनल दिखाने के मामले में Distribution Platform Operators जैसा काम करते हैं, लेकिन उन पर वही नियम लागू नहीं हैं. इससे मार्केट में असंतुलन पैदा हो रहा है।

FAST प्लेटफॉर्म कैसे काम करते हैं

FAST इकोसिस्टम काफी जटिल है क्योंकि इसमें कई अलग-अलग कंपनियां शामिल होती हैं। इसमें स्मार्ट टीवी बनाने वाली कंपनियां, ऑपरेटिंग सिस्टम देने वाली कंपनियां, ऐप प्लेटफॉर्म, कंटेंट एग्रीगेटर और ब्रॉडकास्टर्स शामिल होते हैं। जैसे Samsung, LG और Xiaomi जैसे ब्रांड अपने स्मार्ट टीवी में पहले से FAST ऐप इंस्टॉल करके ये सेवाएं देते हैं. वहीं कुछ प्लेटफॉर्म विदेश से भी ऑपरेट होते हैं, जिससे नियम लागू करना और मुश्किल हो जाता है।

कंटेंट रेगुलेशन और जिम्मेदारी का सवाल

TRAI की रिपोर्ट में एक बड़ी चिंता कंटेंट रेगुलेशन को लेकर भी है। पारंपरिक टीवी प्लेटफॉर्म को प्रोग्राम और विज्ञापन कोड का पालन करना होता है, लेकिन FAST प्लेटफॉर्म में ऐसा कोई एक जैसा सिस्टम नहीं है। कई मामलों में कंटेंट की जिम्मेदारी अलग-अलग कंपनियों में बंटी होती है और कभी-कभी शिकायत निवारण सिस्टम भी विदेश में होता है. इससे यह तय करना मुश्किल हो जाता है कि किसी गड़बड़ी की जिम्मेदारी किसकी होगी।

यूजर डेटा और ऑडियंस मेजरमेंट पर नजर

एक और बड़ा मुद्दा यूजर्स के डेटा का है। FAST प्लेटफॉर्म यूजर्स के देखने के पैटर्न का डेटा इकट्ठा करते हैं, लेकिन इसके लिए कोई स्टैंडर्ड सिस्टम नहीं है। TRAI अब इस पर भी राय मांग रहा है कि क्या डेटा शेयरिंग और ऑडियंस मेजरमेंट के लिए नए नियम बनाए जाएं ताकि विज्ञापनदाताओं और रेगुलेटर्स को सही जानकारी मिल सके।

भारत में FAST का तेजी से बढ़ रहा बाजार

भारत में FAST सेवाएं तेजी से लोकप्रिय हो रही हैं। सस्ते इंटरनेट और स्मार्ट टीवी के बढ़ते इस्तेमाल की वजह से लोग अब पारंपरिक टीवी छोड़कर इंटरनेट आधारित कंटेंट की तरफ बढ़ रहे हैं। इंडस्ट्री के अनुमान के अनुसार, भारत दुनिया का चौथा सबसे बड़ा FAST मार्केट बन चुका है और आने वाले वर्षों में इसके यूजर्स और रेवेन्यू दोनों तेजी से बढ़ने वाले हैं.।

FAST सेवाओं के लिए नया नियम ढांचा संभावित

TRAI ने साफ संकेत दिया है कि FAST सेवाओं के लिए एक नया नियम ढांचा बनाया जा सकता है, जिससे मार्केट में संतुलन बना रहे और उपभोक्ताओं को बेहतर सुरक्षा मिले। यह कंसल्टेशन प्रक्रिया आगे चलकर एक नई पॉलिसी का आधार बनेगी, जिसमें इनोवेशन और रेगुलेशन के बीच संतुलन बनाने की कोशिश होगी. इस पर सुझाव देने की आखिरी तारीख 4 मई रखी गई है, जबकि जवाबी टिप्पणियां 18 मई तक दी जा सकती हैं।

Author
Pinki Negi
GyanOK में पिंकी नेगी बतौर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं। पत्रकारिता में उन्हें 7 वर्षों से भी ज़्यादा का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2018 में NVSHQ से की थी, जहाँ उन्होंने शुरुआत में एजुकेशन डेस्क संभाला। इस दौरान पत्रकारिता के क्षेत्र में नए-नए अनुभव लेने के बाद अमर उजाला में अपनी सेवाएं दी। बाद में, वे नेशनल ब्यूरो से जुड़ गईं और संसद से लेकर राजनीति और डिफेंस जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर रिपोर्टिंग की। पिंकी नेगी ने साल 2024 में GyanOK जॉइन किया और तब से GyanOK टीम का हिस्सा हैं।

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