
अगर आप अभी तक PAN (परमानेंट अकाउंट नंबर) कार्ड नहीं बनवाए हैं, तो आपके पास बस एक हफ्ते का समय बचा है। वर्तमान में पैन कार्ड बनवाना एक आसान और पूरी तरह ऑनलाइन प्रक्रिया है, जिसमें केवल आधार कार्ड के जरिए वेरिफिकेशन होते ही कागजी कार्रवाई खत्म हो जाती है। लेकिन 1 अप्रैल 2026 से पूरे देश में नियम बदलने जा रहे हैं, जिसके बाद पैन कार्ड के लिए आवेदन करना पहले के मुकाबले काफी कठिन हो जाएगा।
अब सिर्फ आधार से नहीं बनेगा काम
आयकर विभाग के मौजूदा नियमों के तहत, नागरिक केवल अपने आधार कार्ड के जरिए ‘Instant e-PAN’ के लिए आवेदन कर सकते हैं। इस प्रक्रिया में न तो कोई अतिरिक्त दस्तावेज चाहिए और न ही लंबी कागजी कार्रवाई। लेकिन 1 अप्रैल से यह सुविधा खत्म हो जाएगी। कॉमन सर्विस सेंटर्स (CSC) ने स्पष्ट किया है कि नए वित्त वर्ष की शुरुआत के साथ ही PAN आवेदन प्रक्रिया में बड़ा बदलाव होगा। अब आवेदकों को अपने पैन आवेदन के साथ अतिरिक्त सहायक दस्तावेज जमा करने होंगे। इसका सीधा मतलब है कि बिना अतिरिक्त कागजों के e-KYC प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाएगी।
नए नियमों के तहत जन्म तिथि का प्रमाण, पते का सबूत, पहचान पत्र और पासपोर्ट साइज फोटो जैसी अतिरिक्त दस्तावेजों की अनिवार्यता होगी। साथ ही, पैन कार्ड में नाम अब आधार के अनुसार ही दर्ज होगा, जिससे भविष्य में किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोका जा सके।
कैसे करें आवेदन?
जो लोग नए नियम लागू होने से पहले आवेदन करना चाहते हैं, वे Protean (पुराना नाम NSDL) या UTIITSL के आधिकारिक पोर्टल पर जाकर फॉर्म भर सकते हैं। प्रक्रिया बेहद सरल है:
- सबसे पहले NSDL की वेबसाइट (https://www.onlineservices.nsdl.com/) या UTIITSL पोर्टल पर जाएं और ‘Instant e-PAN’ विकल्प चुनें।
- अपना 12 अंकों का आधार नंबर दर्ज करें और ‘Continue’ पर क्लिक करें।
- आपके आधार से लिंक मोबाइल नंबर पर 6 अंकों का OTP आएगा। इसे दर्ज करके वेरिफाई करें।
- आपकी व्यक्तिगत जानकारी जैसे नाम, जन्मतिथि, पिता/पति का नाम आधार से ऑटो-फिल हो जाएगी। इसे चेक करें और आगे बढ़ें।
- अपना ईमेल आईडी दर्ज करें और डिक्लेरेशन पर टिक कर फॉर्म सबमिट करें।
- सबमिशन के बाद आपको 15 अंकों का एक्नॉलेजमेंट नंबर मिलेगा, जिसे संभालकर रखें।
- 2-3 दिनों के भीतर आपका e-PAN आपके ईमेल पर आ जाएगा, जिसे आप PDF फॉर्मेट में डाउनलोड कर सकते हैं।
फीस और समय सीमा
वर्तमान में Instant e-PAN बिल्कुल मुफ्त है। हालांकि, यदि आप फिजिकल पैन कार्ड चाहते हैं, तो इसके लिए लगभग 110 रुपये की सरकारी फीस देनी होगी, जिसका भुगतान ऑनलाइन (नेट बैंकिंग, UPI या डेबिट/क्रेडिट कार्ड) किया जा सकता है। डिजिटल e-PAN आमतौर पर 2 से 3 दिनों के भीतर ईमेल पर आ जाता है, जबकि प्लास्टिक वाला फिजिकल कार्ड 15 दिनों के अंदर आपके घर के पते पर पहुंच जाता है। ध्यान रहे कि इस पूरी प्रक्रिया के लिए आपका मोबाइल नंबर आधार से लिंक होना अनिवार्य है।
क्यों जरूरी है जल्दी करना?
विशेषज्ञों का कहना है कि 31 मार्च 2026 तक आवेदन करने वाले नागरिकों को पुरानी आसान प्रक्रिया का फायदा मिलेगा। 1 अप्रैल के बाद न केवल दस्तावेजों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि वेरिफिकेशन प्रक्रिया भी सख्त हो जाएगी, जिससे समय अधिक लगेगा और फीस भी बढ़ सकती है। ऐसे में सरकार ने लोगों को सलाह दी है कि वे समय रहते अपने पैन से जुड़े काम पूरे कर लें, क्योंकि यह बदलाव टैक्स और बैंकिंग से जुड़े हर व्यक्ति को प्रभावित करेगा।









