
अपने दशक पुराने आधार कार्ड को ले कर हज़ारों नागरिकों में भ्रम था कि क्या यह अब अमान्य हो गया है या उसे तुरंत बदलवाना जरूरी है। सरकार और यूनीक आईडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (UIDAI) द्वारा हाल ही में जारी स्पष्ट दिशा-निर्देशों ने इस भ्रम को दूर करते हुए दो अलग-अलग बातों पर रोशनी डाली है: 10 साल पुराने आधार को अपडेट करना अब अनिवार्य है, जबकि PVC (प्लास्टिक) आधार कार्ड बनवाना पूरी तरह से स्वैच्छिक या सुविधाजनक विकल्प है।
10 साल पुराना आधार: अपडेट क्यों जरूरी?
UIDAI के अनुसार, यदि किसी नागरिक का आधार कार्ड 10 साल আগে जारी हुआ था और उसमें उस समय से कोई अपडेट नहीं हुआ है, तो उसे अपनी समीक्षा (Review) करवानी होगी। यह कदम इसलिए लिया गया है ताकि नागरिकों का पहचान प्रमाण (POI) और पता प्रमाण (POA) हमेशा अद्यतन और सही रहे। विशेषकर उन लोगों के लिए जो अपने नाम, पता, फोटो या बायोमेट्रिक डेटा में बदलाव चाहते हैं, यह एक कानूनी अनिवार्यता बन गई है।
सबसे महत्वपूर्ण सूचना यह है कि ऑनलाइन डॉक्यूमेंट अपडेट की सुविधा 14 जून 2026 तक बिल्कुल मुफ्त है। इस तिथि के बाद अपडेट करवाने पर नागरिकों को शुल्क देना पड़ सकता है। नागरिक अब अपने घर बैठे myAadhaar पोर्टल (myaadhaar.uidai.gov.in) पर जाकर अपने आधार के दस्तावेज़ीय अपडेट कर सकते हैं, जिससे भटकने और लंबी लाइनें लगने की समस्या से बचा जा सकेगा।
PVC कार्ड एक आधुनिक सुविधा
दूसरी तरफ, सोशल मीडिया और कुछ स्थानीय दुकानों द्वारा फैलाई गई वह अफवाह कि “PVC आधार कार्ड बनवाना अनिवार्य है,” पूरी तरह गलत साबित हुई है। UIDAI ने साफ कहा है कि कागज़ का पुराना आधार, ई-आधार (PDF) और नया PVC आधार- तीनों समान रूप से कानूनी रूप से मान्य हैं। कोई भी संस्था, बैंक veya सरकारी कार्यालय किसी नागरिक से PVC कार्ड अपेक्षा नहीं कर सकता यदि उनके पास वैध ई-आधार या कागज़ वाला कार्ड है।
तब PVC कार्ड का उद्देश्य क्या है? यह केवल एक सुविधा है। PVC कार्ड वह आकार और टिकाऊपन प्रदान करता है जो ATM कार्ड या PAN कार्ड जैसा होता है। यह बटुए में रखने में आसान, पानी और घिसाव से प्रतिरोधी होता है। इसके अलावा, इसमें आधुनिक सुरक्षा फीचर्स जैसे सुरक्षित QR कोड, होलोग्राम, गिलॉच पैटर्न और घोस्ट इमेज होते हैं, जो नकली आधार कार्ड बनाने की कोशिशों को रोकते हैं।
खर्च और ऑर्डर प्रक्रिया
1 जनवरी 2026 से UIDAI ने PVC कार्ड की फीस 50 रुपये से बढ़ाकर 75 रुपये कर दी है, जिसमें स्पीड पोस्ट डाक खर्च शामिल है। यह कार्ड केवल UIDAI की आधिकारिक वेबसाइट या myAadhaar पोर्टल से ही ऑर्डर किया जा सकता है। स्थानीय दुकानों द्वारा बनवाए गए PVC कार्ड वैध नहीं माने जाएंगे।
बच्चों के लिए खास नियम
बच्चों के मामले में नियम और भी सख्त हैं। UIDAI के अनुसार, 5 साल और 15 साल की उम्र पूरी होते ही बच्चों का बायोमेट्रिक (उंगली के निशान और आइरिस स्कैन) अपडेट करवाना अनिवार्य है। यह सुनिश्चित करता है कि बड़े होने पर उनके बायोमेट्रिक डेटा में सटीकता बनी रहे।
भविष्य की सुरक्षा
सरकार अब आधार कार्ड के नए डिज़ाइन पर भी काम कर रही है, जिसमें केवल फोटो और QR कोड दिखाई देगा, जबकि व्यक्तिगत जानकारियां (जैसे पता, जन्म तिथि) छिपाई जाएंगी ताकि डेटा का दुरुपयोग न हो सके। नागरिकों से अनुरोध है कि वे 14 जून 2026 से पहले myAadhaar पोर्टल पर जाकर अपने 10 साल पुराने आधार का मुफ्त अपडेट जरूर करवा लें, जबकि PVC कार्ड के मामले में अपनी सुविधा के अनुसार ही निर्णय लें।









