
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) ने सरकारी प्राथमिक स्कूलों में सहायक अध्यापक (Assistant Teacher) बनने की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए Super TET का नया सिलेबस और एग्जाम पैटर्न जारी कर दिया है। आयोग ने इस बार स्पष्ट किया है कि किस विषय से कितने अंकों के प्रश्न पूछे जाएंगे, जिससे छात्र अपनी रणनीति बेहतर बना सकें। ध्यान रहे कि इस परीक्षा में केवल वही अभ्यर्थी शामिल हो सकते हैं जिन्होंने UP-TET या CTET पास कर लिया है। भर्ती प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी बनाने के लिए आयोग ने हर सेक्शन के अंकों का सटीक विवरण आधिकारिक तौर पर साझा किया है।
150 अंकों की परीक्षा ही तय करेगी आपकी मेरिट
यूपी सुपर टीईटी परीक्षा की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि पूरी परीक्षा 150 अंकों की होगी। यही वह परीक्षा है जिसके प्राप्तांक आपकी फाइनल मेरिट लिस्ट में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और आपकी सरकारी नौकरी का रास्ता साफ करते हैं।
यूपी सुपर टीईटी परीक्षा पैटर्न
- प्रश्नों का प्रकार: परीक्षा में सभी प्रश्न बहुविकल्पीय (Objective Type) यानी चार विकल्पों वाले होंगे।
- कुल प्रश्न और अंक: प्रश्न पत्र में कुल 150 प्रश्न पूछे जाएंगे और प्रत्येक सही उत्तर के लिए 1 अंक दिया जाएगा।
- समय सीमा: परीक्षा को हल करने के लिए कुल 150 मिनट (2.5 घंटे) का समय मिलेगा।
- परीक्षा की भाषा: उम्मीदवारों की सुविधा के लिए प्रश्न पत्र हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में उपलब्ध होगा।
- कठिनाई का स्तर (मुख्य विषय): भाषा (हिंदी, अंग्रेजी, संस्कृत), गणित, विज्ञान और पर्यावरण के प्रश्नों का स्तर 12वीं (इंटरमीडिएट) तक का होगा।
- शिक्षण एवं मनोविज्ञान: शिक्षण कौशल, बाल मनोविज्ञान और सूचना तकनीकी जैसे विषयों के प्रश्न डीएलएड (D.El.Ed/BTC) स्तर के पूछे जाएंगे।
यूपी सुपर टीईटी सिलेबस
- भाषाएं (40 अंक): इसमें हिंदी, अंग्रेजी और संस्कृत शामिल हैं। मुख्य रूप से व्याकरण, अपठित गद्यांश, अलंकार और विराम चिह्नों पर ध्यान दिया जाता है।
- सामान्य ज्ञान और करेंट अफेयर्स (30 अंक): यह दूसरा सबसे बड़ा सेक्शन है। इसमें राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय घटनाएं, पुरस्कार, किताबें, कला और भारतीय संस्कृति जैसे विषय शामिल हैं।
- गणित (20 अंक): इसमें दशमलव, लाभ-हानि, प्रतिशत, ज्यामिति, सांख्यिकी और बीजगणित जैसे महत्वपूर्ण टॉपिक्स पूछे जाते हैं।
- विज्ञान (10 अंक): दैनिक जीवन में विज्ञान का महत्व, मानव शरीर, ऊर्जा, प्रकाश, ध्वनि और स्वास्थ्य से संबंधित प्रश्न आते हैं।
- पर्यावरण और सामाजिक अध्ययन (10 अंक): इसमें पृथ्वी की संरचना, भारतीय नदियाँ, पर्वत, भारतीय संविधान और स्वतंत्रता संग्राम का इतिहास शामिल है।
- शिक्षण पद्धति (10 अंक): शिक्षण कौशल, सीखने के सिद्धांत, शैक्षिक मूल्यांकन और नई शिक्षा नीति (NEP 2020) पर आधारित प्रश्न पूछे जाते हैं।
- बाल मनोविज्ञान (10 अंक): बाल विकास को प्रभावित करने वाले कारक, सीखने की जरूरतों की पहचान और दिव्यांग बच्चों के लिए विशेष शिक्षण व्यवस्था पर ध्यान दिया जाता है।
- जीवन कौशल और प्रबंधन (10 अंक): इसमें शिक्षक की भूमिका, व्यावसायिक नैतिकता, प्रेरणा और संवैधानिक मूल्यों को शामिल किया गया है।
- रीजनिंग और सूचना प्रौद्योगिकी (5+5 अंक): तार्किक ज्ञान (कोडिंग-डिकोडिंग, वेन आरेख) के लिए 5 अंक और कंप्यूटर/स्मार्टफोन व डिजिटल शिक्षण सामग्री (IT) के लिए 5 अंक निर्धारित हैं।
शिक्षक बनने के लिए जरूरी योग्यता और आयु सीमा
उत्तर प्रदेश में प्राथमिक शिक्षक बनने के लिए आयोग ने कड़े और स्पष्ट नियम निर्धारित किए हैं। Super TET के लिए आवेदन करने हेतु उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन की डिग्री के साथ-साथ D.El.Ed (BTC) या B.Ed जैसे प्रोफेशनल टीचिंग कोर्स का होना अनिवार्य है। इसके अलावा, आवेदक का UPTET या CTET (प्राथमिक स्तर) उत्तीर्ण होना सबसे जरूरी शर्त है। आयु सीमा की बात करें तो 21 से 40 वर्ष के युवा इसके लिए पात्र हैं, जबकि सरकारी नियमों के अनुसार आरक्षित वर्गों (SC/ST/OBC) को ऊपरी आयु सीमा में विशेष छूट दी जाएगी।









