
उत्तर प्रदेश सहित देशभर में स्मार्ट प्रीपेड बिजली मीटरों का जमावड़ा तेजी से हो रहा है। लेकिन कई उपभोक्ता ज्यादा बिल और नेगेटिव बैलेंस के कारण कनेक्शन कटने की शिकायतें कर रहे हैं। अच्छी खबर यह है कि प्रीपेड मीटर की आधिकारिक ऐप में मौजूद ‘बजट लिमिट’ फीचर इस समस्या का आसान हल है। इससे आप महीने भर का बिजली खर्च पहले से तय कर सकते हैं, अलर्ट पाकर खपत कंट्रोल कर सकते हैं और अनचाही परेशानी से बच सकते हैं।
बजट लिमिट फीचर कैसे काम करता है?
यह फीचर मोबाइल डेटा पैक के लिमिट अलर्ट जैसा काम करता है। मान लीजिए आपका मासिक बजट 2000 रुपये है। ऐप में इसे सेट करने पर जब खर्च 80% या 90% तक पहुंचेगा, तो तुरंत एसएमएस अलर्ट आपके रजिस्टर्ड मोबाइल पर आ जाएगा। इससे आप फिजूल उपकरण बंद कर बिल को सीमित रख सकते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यह सुविधा बिजली की बर्बादी रोकती है और उपभोक्ताओं को वित्तीय अनुशासन सिखाती है। खासकर मेरठ जैसे शहरों में जहां गर्मी बढ़ने से एसी-कूलर की खपत ज्यादा हो जाती है, यह फीचर लाखों परिवारों के लिए वरदान साबित हो सकता है।
सोशल मीडिया शिकायतें और बजट लिमिट का समाधान
सोशल मीडिया पर हाल ही में कई मीटर धारकों ने शिकायत की कि बैलेंस खत्म होते ही बिजली चली जाती है, जिससे रोजमर्रा का काम ठप हो जाता है। लेकिन बजट लिमिट सक्रिय करने से ऐसा नहीं होगा। आप रीयल-टाइम खपत ट्रैक कर सकते हैं, ओवरलोड से बच सकते हैं और सस्ते टैरिफ वाले समय में उपकरण चला सकते हैं। इससे बिल में 20-30% तक की कमी आ सकती है। उदाहरण के लिए, अगर घर में फ्रिज, पंखे और लाइटें लगातार चल रही हैं, तो ऐप आपको चेतावनी देकर एक्शन लेने का मौका देगा।
बजट लिमिट ऑन करने के आसान 5 स्टेप्स
मेरठ के UPPCL उपभोक्ताओं के लिए प्रक्रिया बेहद सरल है। सबसे पहले Google Play Store से ‘UPPCL Smart Consumer’ ऐप डाउनलोड करें। अपने कस्टमर आईडी या रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से लॉगिन करें। मेन्यू में ‘Budget’ या ‘Set Alerts’ विकल्प चुनें। अब अपना मासिक बजट दर्ज करें, जैसे 1500-3000 रुपये। अलर्ट प्रतिशत सेट करें- 80% पर पहला मैसेज, 90% पर दूसरा। अंत में ‘Save’ पर क्लिक करें। बस, अलर्ट उसी लिंक्ड नंबर पर शुरू हो जाएंगे। ध्यान दें, ऐप में बैलेंस 24 घंटे में अपडेट होता है, इसलिए नियमित चेक करें। अन्य राज्यों में बिहार बिजली स्मार्ट मीटर या संबंधित ऐप यूज करें।
बिजली विभाग की पहल और विशेषज्ञ सलाह
बिजली विभाग के सूत्रों के अनुसार, यह फीचर सभी नए स्मार्ट मीटरों में डिफॉल्ट रूप से उपलब्ध है। अगर ऐप में समस्या हो, तो हेल्पलाइन 1912 पर कॉल करें। गर्मियों में बढ़ती खपत को देखते हुए UPPCL ने उपभोक्ताओं को जागरूक करने के लिए कैंपेन शुरू किया है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि रात के सस्ते घंटों में वॉशिंग मशीन या हीटर चलाएं और स्टैंडबाय उपकरणों के प्लग निकालें। इससे न सिर्फ बिल कम होगा, बल्कि पर्यावरण भी सुरक्षित रहेगा।
उपभोक्ता अनुभव: 25% तक खर्च में कमी
कई उपयोगकर्ता बता रहे हैं कि बजट लिमिट सेट करने के बाद उनका खर्च 25% घट गया। मेरठ के शास्त्रीनगर निवासी राजेश कुमार ने कहा, “पहले बिल देखकर हैरान रहते थे, अब ऐप अलर्ट से सब कंट्रोल में है।” अगर आपके घर में भी प्रीपेड मीटर है, तो आज ही यह फीचर चालू करें। यह छोटा कदम आपकी जेब और सुविधा दोनों बचाएगा।









