
बच्चे के कल को सुरक्षित करने का शानदार तरीका है NPS Vatsalya! PFRDA ने 2025 में नई गाइडलाइंस जारी कीं, जो बच्चों के लिए इनवेस्टमेंट को सुपर स्मार्ट बनाएंगी। पहले से पारदर्शी और फ्लेक्सिबल – खासकर इमरजेंसी में पैसा निकालने को लेकर। अगर तुमने अभी तक शुरू नहीं किया, तो आज ही सोचो। मैं बता रहा हूं हर डिटेल, आसान भाषा में।
बीच में पैसा निकालना अब आसान
यारों, सबसे बड़ा तोहफा ये कि अब स्कीम लॉक-इन नहीं रही। खाता खुलने के 3 साल बाद स्पेशल जरूरतों के लिए 25% तक कॉर्पस निकाल सकते हो। पढ़ाई के बड़े खर्चे, सीरियस बीमारी का ट्रीटमेंट या 75% परमानेंट डिसेबिलिटी – इनमें फिट बैठे तो OK। ये बदलाव दिसंबर 2025 के हैं, जो पुराने नियमों को रिप्लेस करेंगे। सिस्टम रेडी होते ही लागू – माता-पिता को अब फाइनेंशियल प्लानिंग में मजा आएगा!
कितनी बार और कितना निकाल सकते हो?
सिर्फ 25% ही, वो भी बेस अमाउंट पर – ब्याज अलग रहेगा। 18 साल से पहले लिमिटेड विदड्रॉअल, उसके बाद ऑप्शन्स बढ़ेंगे। बच्चा 18 का हो जाए तो अकाउंट 3 साल और Vatsalya में रखो – नया KYC और नॉमिनेशन करा लो। या फिर NPS All Citizen मॉडल में स्विच: 80% एकमुश्त लो, बाकी से एन्यूटी। 8 लाख से कम कॉर्पस? पूरा निकाल जाओ! स्मार्ट नियम, रिस्क कम।
18 साल बाद क्या होगा?
बच्चा बड़ा हो जाए तो चॉइस तुम्हारी। पहला, Vatsalya जारी रखो – ग्रोथ बनी रहे। दूसरा, रेगुलर NPS में कन्वर्ट: बड़ा lump sum + पेंशन। तीसरा, छोटा अमाउंट हो तो सब कैश। ये फ्लेक्सिबिलिटी बच्चों के करियर, शादी या हाउसिंग के लिए परफेक्ट। टैक्स बेनिफिट्स भी वही – सेक्शन 80C के तहत डिडक्शन। शुरू में छोटा SIP डालो, कंपाउंडिंग जादू करेगा!
क्यों शुरू करें अभी? फायदे गिनाओ!
भाई, ये स्कीम बच्चों (0-18 साल) के लिए टेलरमेड है। मिनिमम 250 रुपये महीना से शुरू, कोई अपर लिमिट नहीं। इक्विटी, गवर्नमेंट सिक्योरिटीज – चॉइस तुम्हारी। मार्केट लिंक्ड रिटर्न 10-12% तक पॉसिबल। इमरजेंसी विदड्रॉअल ने इसे गेम-चेंजर बना दिया। आजकल हर पैरेंट ये सोच रहा – तुम कब? पोस्ट ऑफिस, बैंक या ऑनलाइन POP से खोलो। फ्यूचर सिक्योर, चिंता फ्री!









