
महाराष्ट्र सरकार की ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण योजना’ के लाभार्थियों के लिए अच्छी खबर है। जनवरी 2026 की ₹1500 की किस्त भेजने का काम शुरू हो गया है। सरकार करीब 2 करोड़ पात्र महिलाओं के बैंक खातों में डीबीटी (DBT) के जरिए सीधे यह पैसा ट्रांसफर कर रही है। जिन महिलाओं का बैंक खाता आधार से लिंक है, उनके मोबाइल पर पैसे जमा होने के मैसेज आने शुरू हो गए हैं।
लाडली बहनों को होली का तोहफा
महिला एवं बाल कल्याण मंत्री अदिति तटकरे ने घोषणा की है कि 23 फरवरी से योजना की राशि भेजने की तकनीकी प्रक्रिया शुरू हो गई है। यह कदम प्रदेश की लाखों महिलाओं के लिए होली के उपहार जैसा है। सरकार के अनुसार, अगले दो-तीन दिनों के भीतर ₹1500 की यह सम्मान निधि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में पहुंच जाएगी। डीबीटी (DBT) प्रक्रिया शुरू होने से अब जल्द ही सभी पात्र बहनों के मोबाइल पर पेमेंट का मैसेज आने लगेगा।
मंत्री अदिति तटकरे का ‘X’ पर बड़ा ऐलान
महिला एवं बाल कल्याण मंत्री अदिति तटकरे ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी है कि अगले 2 से 3 दिनों के भीतर सभी पात्र महिलाओं के आधार लिंक बैंक खातों में जनवरी की किस्त जमा हो जाएगी। उन्होंने महायुति सरकार के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्रियों के मार्गदर्शन में यह योजना इसी तरह मजबूती से चलती रहेगी। इस घोषणा से प्रदेश की करोड़ों महिलाओं का सरकार पर विश्वास और भी गहरा हुआ है।
मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजना : जानेवारी महिन्याच्या सन्मान निधी वितरणाची प्रक्रिया सुरू !
— Aditi S Tatkare (@iAditiTatkare) February 24, 2026
मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण योजनेतील सर्व पात्र लाभार्थ्यांना जानेवारी महिन्याचा सन्मान निधी वितरित करण्याची तांत्रिक प्रक्रिया २३ फेब्रुवारी पासून सुरू करण्यात आली आहे. पुढील २-३… pic.twitter.com/mycGTG3Bk0
62 लाख महिलाओं के नाम सूची से कटे
महाराष्ट्र सरकार की जांच प्रक्रिया के बाद ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण योजना’ की लाभार्थी सूची में बड़ा बदलाव आया है। जुलाई 2024 में जहाँ 2.52 करोड़ महिलाओं ने पंजीकरण कराया था, वहीं अब केवल 1.90 करोड़ महिलाएं ही पात्र पाई गई हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, लगभग 62 लाख आवेदकों को अपात्र पाए जाने पर योजना से बाहर कर दिया गया है। अब केवल सही और पात्र महिलाओं को ही ₹1500 की मासिक किस्त का लाभ मिलेगा।
कौन है पात्र और कितनी मिलेगी मदद?
महाराष्ट्र सरकार की इस योजना का मुख्य उद्देश्य 21 से 65 वर्ष की आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। योजना के तहत हर महीने ₹1,500 की नकद सहायता सीधे बैंक खाते में भेजी जाती है। इसके लिए सबसे बड़ी शर्त यह है कि महिला के पूरे परिवार की कुल वार्षिक आय ₹2.5 लाख से अधिक नहीं होनी चाहिए। यह कदम महिलाओं के पोषण, स्वास्थ्य और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए उठाया गया है।









