
मोबाइल पर बिना इंटरनेट Live TV का सपना अब जमीन पर उतरता दिख रहा है। D2M (Direct‑to‑Mobile) टेक्नोलॉजी की बदौलत जल्द ऐसे फीचर फोन बाजार में होंगे, जिन पर यूजर बिना डेटा खर्च किए फुल HD क्वालिटी में लाइव चैनल देख सकेंगे।
Khushtech Korea का ‘मेड‑इन‑इंडिया’ D2M फोन
दक्षिण कोरियाई कंपनी Khushtech Korea ने भारत में बने अपने D2M फीचर फोन के लिए BIS (Bureau of Indian Standards) सर्टिफिकेशन हासिल कर लिया है, जो कमर्शियल लॉन्च से पहले जरूरी रेगुलेटरी मंजिल मानी जाती है। कंपनी ने नवी मुंबई स्थित अपनी पार्टनर यूनिट में प्री‑प्रोडक्शन फेज पूरा कर अब मास प्रोडक्शन शुरू करने का ऐलान किया है। नई मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी में सालाना करीब 30 लाख D2M फीचर फोन बनाने की क्षमता तैयार की जा रही है, ताकि मांग बढ़ने पर सप्लाई में कमी न आए। Khushtech का दावा है कि वह भारत में D2M फीचर फोन के लिए BIS सर्टिफिकेशन लेने वाली पहली कंपनी बन गई है।
कंपनी ने संकेत दिए हैं कि शुरुआती वर्जन के बाद एडवांस मॉडल भी लाए जाएंगे, जिनमें बेहतर डिस्प्ले, ज्यादा बैटरी बैकअप के साथ भविष्य में AI‑आधारित फीचर्स और OTT जैसी सुविधाएं जोड़ी जा सकती हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह फोन लाइव टीवी के साथ‑साथ टेक्स्ट अलर्ट, इमरजेंसी ब्रॉडकास्ट और बुनियादी डिजिटल सर्विसेज भी ऑफर करेगा। Khushtech ऑनलाइन ई‑कॉमर्स प्लेटफॉर्म के साथ‑साथ टियर‑2, टियर‑3 शहरों और ग्रामीण इलाकों में ऑफलाइन रिटेल नेटवर्क के जरिए इन फोन को बेचने की तैयारी में है, ताकि लो‑इनकम और नॉन‑स्मार्टफोन यूजर्स तक भी यह तकनीक पहुंच सके।
D2M कैसे बनाता है फोन को ‘छोटा TV’?
D2M तकनीक मोबाइल या फीचर फोन को सीधे ब्रॉडकास्ट नेटवर्क से जोड़ देती है, ठीक वैसे ही जैसे आपके घर का टीवी सेट एंटीना या डिश के जरिए सिग्नल लेता है। फोन के अंदर एक खास रिसीवर चिप लगाई जाती है, जो UHF बैंड जैसे फ्रीक्वेंसी रेंज पर टीवी ब्रॉडकास्ट सिग्नल पकड़ती है और उसी डेटा को फोन की स्क्रीन पर Live TV के रूप में दिखा देती है। यहां न तो SIM की जरूरत होती है, न मोबाइल डेटा या Wi‑Fi की, इसलिए यूजर के लिए यह एक्सपीरियंस पूरी तरह “डेटा‑फ्री” रहता है।
सरकार के स्तर पर भी भारत की D2M यात्रा तेज हुई है। समिति ऑफ सेक्रेटरीज (CoS) ने 470–582 MHz स्पेक्ट्रम बैंड D2M ब्रॉडकास्टिंग के लिए क्लियर कर दिया है और प्रसार भारती को छह महीने के भीतर फेज‑1 रोल‑आउट शुरू करने की हरी झंडी दी है। IIT कानपुर और Saankhya Labs के साथ मिलकर 19 से ज्यादा शहरों में D2M ट्रायल पहले से चल रहे हैं, जिनमें बिना इंटरनेट कनेक्शन लाइव टीवी और मल्टीमीडिया कंटेंट सीधे मोबाइल डिवाइसेज तक पहुंचाया जा रहा है।
Lava और Nokia भी मैदान में
सिर्फ Khushtech ही नहीं, भारतीय ब्रांड Lava और Nokia (HMD) भी D2M‑इनेबल्ड फीचर फोन पर काम कर रहे हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, Lava ने Tejas Networks और Saankhya Labs के साथ मिलकर D2M सपोर्ट वाला एक फीचर फोन डेवलप किया है, जिसमें 2.8‑इंच डिस्प्ले, MediaTek MT6261 चिपसेट और इन‑बिल्ट UHF एंटीना दिया गया है, ताकि फोन सीधे टेरेस्ट्रियल TV सिग्नल कैच कर सके। कुछ मॉडलों में 2200 mAh बैटरी और UPI पेमेंट सपोर्ट जैसे फीचर भी जोड़े जा रहे हैं, जिससे ये फोन सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि डिजिटल पेमेंट का भी किफायती साधन बन सकें।
इन कंपनियों का फोकस खासतौर पर उन यूजर्स पर है जो अभी भी बेसिक नेटवर्क या 2G/3G कनेक्शन पर हैं और महंगे डेटा प्लान या स्मार्टफोन अफोर्ड नहीं कर पाते। ग्रामीण और दूरदराज इलाकों में रहने वाले ऐसे करोड़ों लोगों के लिए बिना इंटरनेट फ्री Live TV, न्यूज और इमरजेंसी अलर्ट तक पहुंच एक बड़ा डिजिटल बदलाव साबित हो सकती है।
अभी के स्मार्टफोन यूजर्स के लिए क्या मतलब?
फिलहाल D2M सर्विस सिर्फ उन नए फीचर फोनों पर उपलब्ध होगी जिनमें यह खास रिसीवर चिप लगी होगी; मौजूदा स्मार्टफोन या पुराने फीचर फोन इस सिग्नल को नहीं पकड़ पाएंगे। हालांकि नीति स्तर पर 5G ब्रॉडकास्ट और D2M को इंटीग्रेट कर भविष्य में स्मार्टफोन तक यह सुविधा ले जाने पर भी चर्चा चल रही है, लेकिन इसमें समय लगेगा क्योंकि इसके लिए हैंडसेट मैन्युफैक्चरर्स को नए हार्डवेयर, स्टैंडर्ड और बिजनेस मॉडल अपनाने होंगे।
फिलहाल एक बात साफ है: मोबाइल पर बिना इंटरनेट Live TV अब सिर्फ सपना नहीं, बल्कि पॉलिसी, इंडस्ट्री और डिवाइस लेवल पर तेजी से मूर्त रूप लेता हुआ मॉडल बन चुका है। जैसे‑जैसे Khushtech, Lava, Nokia और सरकारी एजेंसियां मिलकर D2M इकोसिस्टम को मजबूत करेंगी, आने वाले समय में “डेटा‑फ्री डिजिटल इंडिया” की तस्वीर और साफ होती दिख सकती है।









