
हिमाचल प्रदेश के करीब 19.5 लाख राशन कार्ड धारकों का लंबा इंतजार अब खत्म होने वाला है। पिछले सितंबर महीने से डिपुओं में रिफाइंड तेल की कमी चल रही थी, जिसे दूर करने के लिए सिविल सप्लाई कॉरपोरेशन ने टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है।
उम्मीद है कि फरवरी महीने से सभी उपभोक्ताओं को राशन के साथ एक लीटर सरसों का तेल और एक लीटर रिफाइंड तेल मिलना शुरू हो जाएगा। इस फैसले से उन गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी, जिन्हें पिछले कई महीनों से बाजार से महंगे दामों पर तेल खरीदना पड़ रहा था।
सभी श्रेणियों के उपभोक्ताओं को मिलेगी राहत
हिमाचल प्रदेश में खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के पात्र परिवारों के साथ-साथ अन्य सभी राशन कार्ड धारकों के लिए तेल की सप्लाई जल्द बहाल होने वाली है। खाद्य आपूर्ति निगम के प्रबंध निदेशक राजेश्वर गोयल के अनुसार, रिफाइंड तेल के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और इसे जल्द ही फाइनल कर लिया जाएगा।
विभाग की पूरी कोशिश है कि फरवरी तक उपभोक्ताओं को सरसों और रिफाइंड, दोनों तरह के तेल मिलने लगें। इस कदम से प्रदेश के लाखों परिवारों को पिछले कई महीनों से हो रही तेल की किल्लत से स्थाई रूप से छुटकारा मिल जाएगा।









