
उत्तर प्रदेश के सरकारी और प्राइवेट पॉलिटेक्निक कॉलेजों में एडमिशन का इंतजार कर रहे छात्रों के लिए बड़ी खबर है। JEECUP 2026 की प्रवेश परीक्षाओं का शेड्यूल जारी कर दिया गया है, जिसके तहत इंजीनियरिंग और फार्मेसी जैसे विभिन्न डिप्लोमा कोर्सेस के लिए एग्जाम 15 मई से 22 मई 2026 के बीच आयोजित किए जाएंगे।
यह परीक्षा पूरी तरह से कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) यानी ऑनलाइन मोड में होगी, जिसमें ग्रुप A से लेकर K8 तक के सभी अभ्यर्थी शामिल होंगे। उत्तर प्रदेश संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद द्वारा आयोजित यह परीक्षा राज्य के हजारों युवाओं के लिए तकनीकी शिक्षा और करियर के द्वार खोलती है।
15 जनवरी से शुरू हो रहे हैं आवेदन, ऐसे भरें अपना फॉर्म
यदि आप 10वीं या 12वीं पास हैं और तकनीकी क्षेत्र में करियर बनाना चाहते हैं, तो यूपी पॉलिटेक्निक (JEECUP) के लिए रजिस्ट्रेशन की तैयारी कर लें। आवेदन प्रक्रिया 15 जनवरी 2026 से शुरू हो रही है और फॉर्म भरने की अंतिम तिथि 30 अप्रैल 2026 तय की गई है।
इच्छुक छात्र आधिकारिक वेबसाइट jeecup.admissions.nic.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। फीस की बात करें तो जनरल और OBC वर्ग के लिए ₹300 तथा SC/ST वर्ग के लिए ₹200 निर्धारित है। अधिकांश कोर्सेस के लिए न्यूनतम योग्यता 10वीं पास है, हालांकि कुछ विशिष्ट डिप्लोमा के लिए विज्ञान और गणित विषयों की अनिवार्यता होती है। फॉर्म भरते समय अपनी फोटो, हस्ताक्षर और जरूरी दस्तावेज तैयार रखें।
JEECUP 2026 परीक्षा पैटर्न
यूपी पॉलिटेक्निक की ऑनलाइन परीक्षा (CBT) को क्रैक करना अब और भी आसान है क्योंकि इसमें नेगेटिव मार्किंग नहीं होगी। परीक्षा में कुल 100 सवाल पूछे जाएंगे, जिन्हें हल करने के लिए आपको 2.5 घंटे का समय मिलेगा। इंजीनियरिंग ग्रुप के लिए मुख्य रूप से 10वीं और 12वीं स्तर की गणित, भौतिकी (Physics) और रसायन विज्ञान (Chemistry) से सवाल आएंगे।
बेहतर रैंक हासिल करने के लिए NCERT किताबों को अपना आधार बनाएं और पिछले वर्षों के पेपर हल करने के साथ-साथ मॉक टेस्ट का अभ्यास जरूर करें। याद रखें, जितने ज्यादा सवाल आप सही हल करेंगे, टॉप सरकारी कॉलेज मिलने की संभावना उतनी ही बढ़ जाएगी।
यूपी पॉलिटेक्निक में काउंसलिंग और बेहतरीन प्लेसमेंट का मौका
JEECUP परीक्षा केवल इंजीनियरिंग तक सीमित नहीं है, बल्कि यह टेक्नोलॉजी, फार्मेसी, कृषि और फैशन डिजाइन जैसे विविध डिप्लोमा कोर्सेस के लिए प्रवेश द्वार है। परीक्षा के बाद आपकी रैंक के आधार पर काउंसलिंग प्रक्रिया शुरू होती है, जिसके जरिए छात्रों को उनकी पसंद के कॉलेज और ब्रांच में सीट अलॉट की जाती है। उत्तर प्रदेश में सैकड़ों प्रतिष्ठित सरकारी और प्राइवेट कॉलेज इस परीक्षा के स्कोर को स्वीकार करते हैं। टॉप सरकारी कॉलेजों की सबसे बड़ी खूबी वहां का शानदार प्लेसमेंट है, जहाँ पढ़ाई पूरी होते ही नामी कंपनियां छात्रों को नौकरी के बेहतर अवसर प्रदान करती हैं।









