Tags

नई EV पॉलिसी अब न रोड टैक्स, न रजिस्ट्रेशन फीस; साथ में ₹30,000 तक की सीधी सब्सिडी, देखें नए नियम

दिल्ली सरकार ने EV नीति 2.0 लाई है। रोड टैक्स व रजिस्ट्रेशन फीस माफ। 30,000 से 39,000 रुपये सब्सिडी मिलेगी। दोपहिया पर सबसे ज्यादा लाभ। प्रदूषण कम होगा, वाहन सस्ते। खरीदारों को 20-30 प्रतिशत बचत। ग्रीन मोबिलिटी अब आसान।

By Manju Negi

राजधानी के प्रदूषण को कम करने की दिशा में दिल्ली सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए क्रांतिकारी कदम उठाया है। नई EV नीति के तहत रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन फीस पूरी तरह खत्म कर दी गई है। इसके साथ ही खरीदारों को 30,000 से 39,000 रुपये तक की सीधी सब्सिडी का लाभ मिलेगा। यह बदलाव न केवल वाहन खरीद को किफायती बनाएगा, बल्कि दिल्ली को इलेक्ट्रिक मोबिलिटी का केंद्र भी स्थापित करेगा।

नई EV पॉलिसी अब न रोड टैक्स, न रजिस्ट्रेशन फीस; साथ में ₹30,000 तक की सीधी सब्सिडी, देखें नए नियम

नीति के प्रमुख प्रावधान

इस नई योजना में दोपहिया इलेक्ट्रिक वाहनों पर सबसे ज्यादा फोकस है। इनके लिए 35,000 से 39,000 रुपये की छूट सुनिश्चित की गई है। चार पहिया EVs को भी पहले से मिल रही 1.5 लाख रुपये की सहायता को और मजबूत किया जाएगा। पुरानी पेट्रोल-डीजल गाड़ियों को इलेक्ट्रिक में बदलवाने वालों के लिए 50,000 रुपये का अलग इंसेंटिव है। सरकार का लक्ष्य अगले कुछ वर्षों में 25,000 कमर्शियल EVs और 1,500 इलेक्ट्रिक बसें सड़कों पर उतारना है। शुरुआती 1,000 वाहनों पर पूर्ण लाभ मिलेगा, जो धीरे-धीरे कम होगा।

खरीदारों को कितनी बचत

एक आम खरीदार के लिए यह नीति वरदान साबित होगी। मान लीजिए 8 लाख रुपये की इलेक्ट्रिक कार लेनी है। सामान्य रोड टैक्स करीब 40,000 रुपये और रजिस्ट्रेशन शुल्क 15,000 रुपये होता है, जो अब शून्य हो जाएगा। सब्सिडी जोड़ने पर कुल बचत 90,000 रुपये से अधिक पहुंच सकती है। यानी वाहन की कीमत 20 से 30 प्रतिशत सस्ती पड़egi। चार्जिंग स्टेशनों का जाल बिछाने और पुराने वाहनों को हटाने पर भी खास ध्यान दिया गया है, जिससे ट्रांसपोर्ट उत्सर्जन में 25 से 30 प्रतिशत गिरावट आएगी।

Also Read- NHAI Land Case: किसानों के लिए बुरी खबर, 2018 से पहले के जमीन अधिग्रहण केस नहीं खुलेंगे, सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया फैसला

पिछली नीतियों से तुलना

दिल्ली ने 2020 में पहली बार EV नीति लागू की थी, जिसमें टैक्स छूट तो थी लेकिन सब्सिडी सीमित। नई EV पॉलिसी 2.0 इससे कहीं आगे है। अन्य राज्यों की तर्ज पर यहां भी दोपहिया से लेकर बसों तक का समावेश किया गया। केंद्र सरकार की योजनाओं से जुड़कर यह प्रभावी बनेगी। तमिलनाडु जैसे राज्यों ने भी इसी तरह दो साल की टैक्स माफी दी है।

भविष्य की संभावनाएं

यह कदम टाटा, ओला, आथर जैसी कंपनियों को गति देगा। हालांकि बैटरी लागत घटने और चार्जिंग नेटवर्क मजबूत होने से ही पूर्ण सफलता मिलेगी। उपभोक्ताओं के लिए यह सुनहरा अवसर है। सस्ते, शांत और प्रदूषण मुक्त वाहन अब हर गरज के बजट में आ जाएंगे। क्या आप भी इलेक्ट्रिक वाहन की ओर कदम बढ़ाने को तैयार हैं। दिल्ली की सड़कें जल्द ही हरी-भरी दिखेंगी।

Author
Manju Negi
अमर उजाला में इंटर्नशिप करने के बाद मंजु GyanOk में न्यूज टीम को लीड कर रही है. मूल रूप से उत्तराखंड से हैं और GyanOk नेशनल और राज्यों से संबंधित न्यूज को बारीकी से पाठकों तक अपनी टीम के माध्यम से पहुंचा रही हैं.

अभी-अभी मोदी का ऐलान

हमारे Whatsaap ग्रुप से जुड़ें