Tags

पैसे भेजने का कौन सा तरीका है सबसे बेस्ट? NEFT, RTGS और IMPS के छिपे हुए चार्ज जान लें, वरना लगेगा फटका

क्या आप भी बिना सोचे-समझे किसी भी मोड से पैसे ट्रांसफर कर देते हैं? रुकिए! NEFT, RTGS और IMPS के बीच का फर्क और इनके छिपे हुए चार्ज आपके बैंक बैलेंस पर भारी पड़ सकते हैं। अपनी मेहनत की कमाई बचाने के लिए सही पेमेंट ऑप्शन का चुनाव करना यहाँ सीखें।

By Pinki Negi

पैसे भेजने का कौन सा तरीका है सबसे बेस्ट? NEFT, RTGS और IMPS के छिपे हुए चार्ज जान लें, वरना लगेगा फटका
Banking Transaction Charges

वह समय बीत गया जब छोटे-से काम के लिए भी बैंक के चक्कर काटने पड़ते थे और लंबी लाइनों में घंटों अपनी बारी का इंतज़ार करना होता था। आज इंटरनेट और डिजिटल बैंकिंग ने बैंकिंग के पूरे अनुभव को बदल दिया है। अब आप अपने घर या कमरे में आराम से बैठकर कुछ ही मिनटों में बड़े से बड़ा लेन-देन (Transaction) कर सकते हैं। अपने बैंक अकाउंट को मैनेज करना अब इतना आसान हो गया है कि आपको किसी बैंक कर्मचारी की मिन्नतें करने की ज़रूरत नहीं पड़ती, बल्कि सारी सुविधाएँ आपके स्मार्टफोन पर उपलब्ध हैं।

NEFT, RTGS और IMPS को समझना

डिजिटल दौर में बैंकिंग जितनी तेज़ हुई है, उसका सुरक्षित होना भी उतना ही ज़रूरी है। बैंकों ने ग्राहकों के पैसों की सुरक्षा के लिए NEFT, RTGS और IMPS जैसे मज़बूत ऑनलाइन फंड ट्रांसफर सिस्टम बनाए हैं।

इंटरनेट या मोबाइल बैंकिंग का उपयोग करने वाले अधिकांश लोग इन विकल्पों का इस्तेमाल तो करते हैं, लेकिन अक्सर उन्हें इनके बीच के बारीक अंतर और सही इस्तेमाल की पूरी जानकारी नहीं होती। इन सुविधाओं को सही ढंग से समझकर आप न केवल अपना लेन-देन सुरक्षित बना सकते हैं, बल्कि अपनी ज़रूरत के हिसाब से सही विकल्प का चुनाव भी कर सकते हैं।

NEFT

NEFT एक ऐसी लोकप्रिय बैंकिंग सुविधा है जिसके जरिए आप देश के किसी भी बैंक खाते में घर बैठे पैसे भेज सकते हैं। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें पैसे भेजने की कोई न्यूनतम सीमा नहीं है—आप 1 रुपये से लेकर अपने बैंक द्वारा तय अधिकतम सीमा तक का ट्रांजैक्शन कर सकते हैं। हालांकि, ध्यान देने वाली बात यह है कि NEFT ‘रियल-टाइम’ (तुरंत) काम नहीं करता, बल्कि यह बैच में प्रोसेस होता है, इसलिए पैसा पहुंचने में थोड़ा समय लग सकता है। यह उन लोगों के लिए बेहतरीन विकल्प है जिन्हें बहुत जल्दी में पैसा नहीं भेजना होता।

RTGS

RTGS (रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट) मुख्य रूप से बड़ी धनराशि के लेन-देन के लिए बनाया गया है। इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसमें पैसा ‘रियल टाइम’ में ट्रांसफर होता है, यानी जैसे ही आप यहाँ से भेजते हैं, वह तुरंत सामने वाले के खाते में पहुँच जाता है (कभी-कभी तकनीकी कारणों से 1-2 घंटे लग सकते हैं)। RTGS के जरिए आप कम से कम 2 लाख रुपये भेज सकते हैं, जबकि अधिकतम राशि भेजने की कोई निश्चित सीमा नहीं है। यह व्यापारियों और उन लोगों के लिए सबसे अच्छा विकल्प है जिन्हें बड़ी रकम को बिना किसी देरी के सुरक्षित तरीके से भेजना होता है।

IMPS

IMPS (इमीडिएट मोबाइल पेमेंट्स सर्विस) डिजिटल बैंकिंग का सबसे तेज़ तरीका है, जिसे आप साल के 365 दिन और 24×7 कभी भी इस्तेमाल कर सकते हैं। चाहे आधी रात के 2 बजे हों या कोई छुट्टी का दिन, IMPS के जरिए भेजा गया पैसा सामने वाले के खाते में तुरंत (रियल-टाइम) पहुँच जाता है।

इस सिस्टम की खासियत यह है कि आप न्यूनतम 1 रुपये से लेकर अधिकतम 5 लाख रुपये तक का लेन-देन रोज़ाना कर सकते हैं। यह उन लोगों के लिए सबसे बेहतर विकल्प है जिन्हें छोटी या मध्यम राशि तुरंत भेजनी होती है।

किस पेमेंट मोड पर कितना शुल्क?

ऑनलाइन बैंकिंग में अलग-अलग ट्रांजैक्शन पर लगने वाले चार्ज को समझना आपके लिए फायदेमंद हो सकता है। NEFT में ऑनलाइन पैसे प्राप्त करने (Inward) पर कोई चार्ज नहीं लगता, लेकिन बैंक जाकर ऑफलाइन ट्रांजैक्शन करने पर ₹2.5 से ₹25 तक का शुल्क देना पड़ सकता है।

RTGS की बात करें, तो ऑनलाइन पैसे प्राप्त करना फ्री है, पर बैंक ब्रांच से पैसे भेजने (Outward) पर ₹25 से ₹50 तक का चार्ज लिया जाता है। वहीं, IMPS के लिए ट्रांजैक्शन चार्ज आपके बैंक और सर्विस प्रोवाइडर पर निर्भर करता है, जो आमतौर पर ₹2.5 से ₹15 के बीच हो सकता है।

कौन संभालता है आपका पेमेंट सिस्टम? RBI और NPCI की भूमिका

भारत में डिजिटल लेन-देन की सुरक्षा और संचालन दो प्रमुख संस्थाओं के हाथ में है। RTGS और NEFT जैसे बड़े फंड ट्रांसफर सिस्टम का पूरा ऑपरेशन सीधे भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा संभाला जाता है। वहीं, हमारे दैनिक जीवन में इस्तेमाल होने वाले IMPS, UPI, और RuPay जैसे आधुनिक डिजिटल पेमेंट सिस्टम की जिम्मेदारी नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) की है। इन दोनों संस्थाओं की निगरानी के कारण ही भारत में ऑनलाइन बैंकिंग और डिजिटल ट्रांजैक्शन न केवल तेज़ हैं, बल्कि पूरी तरह सुरक्षित भी हैं।

डिजिटल पेमेंट का सबसे आसान और स्मार्ट तरीका

UPI भारत का सबसे आधुनिक पेमेंट सिस्टम है जो पूरी तरह रियल-टाइम में काम करता है। इसे IMPS के मॉडल पर ही तैयार किया गया है, इसलिए आप इसके जरिए साल के 365 दिन और 24×7 कभी भी पैसे भेज या प्राप्त कर सकते हैं।

इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि आप एक ही मोबाइल एप्लीकेशन में अपने कई बैंक अकाउंट लिंक कर सकते हैं। किसी को पैसे भेजने के लिए आपको लंबी बैंकिंग डिटेल्स की ज़रूरत नहीं होती, बस मोबाइल नंबर या UPI ID ही काफी है। यहाँ तक कि ऑनलाइन शॉपिंग के लिए भी अब आपको बार-बार कार्ड नंबर, CVV या OTP भरने के झंझट से मुक्ति मिल गई है।

Author
Pinki Negi
GyanOK में पिंकी नेगी बतौर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं। पत्रकारिता में उन्हें 7 वर्षों से भी ज़्यादा का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2018 में NVSHQ से की थी, जहाँ उन्होंने शुरुआत में एजुकेशन डेस्क संभाला। इस दौरान पत्रकारिता के क्षेत्र में नए-नए अनुभव लेने के बाद अमर उजाला में अपनी सेवाएं दी। बाद में, वे नेशनल ब्यूरो से जुड़ गईं और संसद से लेकर राजनीति और डिफेंस जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर रिपोर्टिंग की। पिंकी नेगी ने साल 2024 में GyanOK जॉइन किया और तब से GyanOK टीम का हिस्सा हैं।

अभी-अभी मोदी का ऐलान

हमारे Whatsaap ग्रुप से जुड़ें