
देश में नए श्रम नियमों के लागू होने को लेकर कर्मचारियों और कंपनियों के बीच काफी उत्साह और सकारात्मक माहौल है। एक हालिया सर्वे के अनुसार, अधिकांश श्रमिकों का मानना है कि इन सुधारों से ऑफिस या फैक्ट्रियों में काम करने के हालात बेहतर होंगे। उन्हें उम्मीद है कि नए कानूनों से काम के घंटे निश्चित होंगे, सैलरी समय पर और स्पष्ट रूप से मिलेगी, साथ ही पेंशन और बीमा जैसी सुविधाओं का लाभ भी अधिक लोगों को मिल सकेगा।
श्रम सुधार सर्वे
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के वीवी गिरि राष्ट्रीय श्रम संस्थान द्वारा किए गए एक सर्वे में राहत भरी बातें सामने आई हैं। नोएडा स्थित इस संस्थान ने करीब 5,720 श्रमिकों और 715 नियोक्ताओं से बात की, जिसमें पाया गया कि 60% श्रमिक मानते हैं कि नए कानूनों से काम के हालात सुधरेंगे। साथ ही, 63% कामगारों को भरोसा है कि ड्यूटी के घंटों से जुड़े नियमों में सुधार होगा। यह सर्वे दर्शाता है कि देश में नए श्रम नियमों को लेकर जमीन पर काफी सकारात्मक उम्मीदें हैं।
नए श्रम सुधारों से श्रमिकों में जागी वेतन और सुरक्षा की उम्मीद
वीवी गिरि राष्ट्रीय श्रम संस्थान के सर्वे में यह बात उभरकर आई है कि नए नियमों से श्रमिकों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी। सर्वे के अनुसार, 64% श्रमिकों को विश्वास है कि वेतन मिलने की प्रक्रिया और भी पारदर्शी होगी, जबकि 54% को भरोसा है कि अब उनकी सैलरी समय पर आएगी। इसके अलावा, 68% कामगार मानते हैं कि ई-श्रम और कल्याण बोर्ड के जरिए सरकारी सुविधाओं तक पहुँचना आसान हो जाएगा। डिजिटल सिस्टम आने से अब शिकायतों का निपटारा और रजिस्ट्रेशन भी पहले के मुकाबले सरल होगा, जिससे आम कामगारों के जीवन में बड़ा सुधार आने की उम्मीद है।
अस्थायी और प्रवासी श्रमिकों को मिलेगा सुरक्षा कवच
वीवी गिरि संस्थान के सर्वे के अनुसार, नए श्रम सुधारों से अब उन कर्मचारियों को सबसे ज्यादा फायदा होगा जो अस्थायी (गिग), अनुबंध या प्रवासी मजदूर के रूप में काम करते हैं। करीब 63% श्रमिकों का मानना है कि नई व्यवस्था से उन्हें सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ मिलना पहले से कहीं अधिक आसान हो जाएगा। अभी तक ये वर्ग अक्सर सरकारी सुविधाओं से वंचित रह जाते थे, लेकिन नई श्रम संहिता में इनके लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। डिजिटल पंजीकरण और नए नियमों के आने से अब असंगठित क्षेत्र के करोड़ों कामगारों को एक मजबूत सुरक्षा कवच मिलने की उम्मीद है।
श्रमिक और नियोक्ता दोनों के लिए सुनहरे भविष्य की राह
वीवी गिरि राष्ट्रीय श्रम संस्थान के सर्वे से स्पष्ट है कि नए श्रम कानून न केवल श्रमिकों बल्कि कंपनियों के लिए भी फायदेमंद साबित होंगे। जहाँ एक ओर कामगारों को बेहतर वेतन और सामाजिक सुरक्षा की उम्मीद है, वहीं 76% नियोक्ताओं का मानना है कि इससे काम करने के तरीकों में लचीलापन आएगा।
करीब 64% कंपनियों ने ‘निश्चित अवधि के रोजगार’ (Fixed-term employment) को अपने बिजनेस के लिए बेहतर बताया है। इसके अलावा, 73% नियोक्ताओं को भरोसा है कि नए नियमों से कानूनी उलझनें कम होंगी और व्यापार करना आसान होगा। कुल मिलाकर, ये सुधार उद्योग जगत में पारदर्शिता लाने और विकास की गति को तेज करने में मददगार साबित होंगे।
सुरक्षित कार्यस्थल और बेहतर जीवन की ओर एक कदम
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के सर्वे के अनुसार, नए श्रम कानून देश के कार्यबल में एक बड़ा सकारात्मक बदलाव लाने वाले हैं। सर्वे में शामिल 66% श्रमिकों का मानना है कि नए नियमों से महिला कर्मचारियों को कार्यस्थल पर बेहतर सुरक्षा और परिवहन की सुविधाएं मिलेंगी, जिससे कामकाजी महिलाओं की भागीदारी बढ़ेगी।
इसके अलावा, 60% कामगारों ने छुट्टियों के नए नियमों को सराहा है, जिससे उन्हें काम और निजी जीवन (Work-Life Balance) के बीच बेहतर तालमेल बिठाने में मदद मिलेगी। जहाँ नियोक्ताओं को व्यापार में लचीलापन और कानूनी सरलता दिखने की उम्मीद है, वहीं आम श्रमिकों को पारदर्शिता, समय पर वेतन और सामाजिक सुरक्षा का भरोसा मिल रहा है। यह डिजिटल और आधुनिक व्यवस्था असंगठित क्षेत्र से लेकर बड़े उद्योगों तक, सभी के लिए एक सुरक्षित भविष्य का आधार बनेगी।
1 अप्रैल 2026 से बदलेंगे श्रम कानून
केंद्र सरकार ने चारों नई श्रम संहिताओं (Labor Codes) को अधिसूचित कर दिया है और इन्हें 1 अप्रैल 2026 से पूरी तरह लागू करने की तैयारी है। केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री मनसुख मांडविया के अनुसार, इन सुधारों का मुख्य उद्देश्य हर श्रमिक को सामाजिक सुरक्षा, सम्मानजनक काम और विकास के समान अवसर देना है। सर्वे के नतीजे बताते हैं कि इस बदलाव से जहाँ 66% श्रमिक महिलाओं की सुरक्षा को लेकर उत्साहित हैं, वहीं 76% नियोक्ता कारोबार में लचीलापन आने की उम्मीद कर रहे हैं। डिजिटल सिस्टम और नए नियमों के जरिए वेतन में पारदर्शिता आएगी, छुट्टियों के नियम बेहतर होंगे और पहली बार प्रवासी व अस्थायी (गिग) मजदूरों को भी सरकारी सुविधाओं का सीधा लाभ मिल सकेगा।









