
अगर आप किसान हैं और खुद का व्यवसाय शुरू कर अपनी आमदनी बढ़ाना चाहते हैं, तो सरकार आपको लघु उद्योग शुरू करने के लिए आर्थिक सहायता दे रही है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों को पशुपालन के क्षेत्र में आगे बढ़ाना और उनकी आय को दोगुना करना है। इसके तहत आपको अपना कारोबार खड़ा करने या उसे बड़ा बनाने के लिए 3 लाख रुपये तक की राशि बहुत ही कम ब्याज दर पर उपलब्ध कराई जाती है। यह उन किसानों के लिए एक सुनहरा अवसर है जो खेती के साथ-साथ डेयरी या पशुपालन जैसे छोटे उद्योगों में निवेश करना चाहते हैं।
हरियाणा पशु किसान क्रेडिट कार्ड
हरियाणा सरकार की ‘पशु किसान क्रेडिट कार्ड’ योजना राज्य के पशुपालकों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। इस योजना के जरिए किसान नया पशु खरीदने या अपने पुराने पशुपालन व्यवसाय को और बड़ा बनाने के लिए रियायती दरों पर लोन ले सकते हैं। सरकार का लक्ष्य उन छोटे किसानों की मदद करना है जिनके पास पूंजी की कमी है। यह योजना विशेष रूप से हरियाणा के स्थायी निवासियों के लिए है, जो डेयरी फार्मिंग या अन्य पशुपालन कार्यों के माध्यम से अपनी आय बढ़ाना चाहते हैं।
पशुओं के अनुसार मिलेगा लोन
पशु किसान क्रेडिट कार्ड योजना के तहत मिलने वाली राशि सीधे आपके पशुओं की संख्या और प्रकार पर निर्भर करती है। इसके माध्यम से आप बिना किसी गारंटी के 1.60 लाख रुपये तक का लोन ले सकते हैं, जबकि अधिकतम सीमा 3 लाख रुपये तक है। सरकार ने प्रति पशु ऋण की राशि भी निर्धारित की है: एक भैंस के लिए 60,249 रुपये, गाय के लिए 40,783 रुपये, भेड़-बकरी के लिए 4,063 रुपये और सूअर के लिए 16,327 रुपये का प्रावधान है। यह पैसा सीधे बैंक के माध्यम से कम ब्याज दर (लगभग 4% प्रभावी दर) पर उपलब्ध कराया जाता है।
मात्र 15 दिनों में मिलेगा लोन
पशु किसान क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन प्रक्रिया बहुत सरल है। आपको बस अपने नजदीकी बैंक में जाकर आवेदन फॉर्म के साथ आधार कार्ड, पैन कार्ड, वोटर आईडी, बैंक खाता विवरण, राशन कार्ड और पासपोर्ट साइज फोटो जैसे दस्तावेज जमा करने होंगे। इस योजना की सबसे खास बात यह है कि बैंक आपके दस्तावेजों की जांच के मात्र 15 दिनों के भीतर लोन अप्रूव कर देता है। हालांकि, लोन पाने के लिए आपको अपने पशु का हेल्थ सर्टिफिकेट (स्वास्थ्य प्रमाण पत्र) देना अनिवार्य है, जो यह प्रमाणित करता है कि आपके पशु स्वस्थ हैं।









