
किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) आज के समय में किसानों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। यह केवल एक कार्ड नहीं, बल्कि खेती-किसानी, पशुपालन और मछली पालन जैसी जरूरतों के लिए सबसे सस्ता कर्ज पाने का सबसे आसान माध्यम है। इसके जरिए किसानों को बहुत कम ब्याज दर पर तुरंत पैसा मिल जाता है, जिससे उन्हें साहूकारों के चक्कर नहीं काटने पड़ते। केसीसी की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यदि किसान समय पर अपना कर्ज चुका देते हैं, तो उन्हें ब्याज में भारी छूट (Subsidy) भी दी जाती है, जिससे कर्ज का बोझ काफी कम हो जाता है।
कैसे सरकार किसानों के लिए सस्ता बनाती है KCC कर्ज
किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) पर ब्याज की दरें आम कर्जों के मुकाबले काफी कम होती हैं। बैंक आमतौर पर इस पर सालाना 7% ब्याज लेते हैं। लेकिन किसानों के लिए राहत की बात यह है कि सरकार इस पर ‘इंटरेस्ट सबवेंशन’ (ब्याज छूट) की सुविधा देती है। इस सरकारी मदद की वजह से किसानों पर ब्याज का बोझ और भी कम हो जाता है, जिससे खेती के लिए जरूरी पूंजी जुटाना बेहद सस्ता और आसान हो जाता है।
मात्र 4% ब्याज पर पाएँ लाखों का कृषि कर्ज
किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) की सबसे बड़ी ताकत इसकी बेहद कम ब्याज दर है। वैसे तो बैंक इस पर 7% ब्याज लेते हैं, लेकिन यदि किसान अपने लोन की किश्तें तय समय के भीतर चुका देता है, तो सरकार उसे 3% की अतिरिक्त छूट देती है। इसका मतलब है कि ईमानदार और जागरूक किसानों को यह लोन प्रभावी रूप से मात्र 4% सालाना ब्याज पर मिल जाता है। ब्याज की यह दर किसी भी अन्य बैंक लोन की तुलना में सबसे कम है, जो किसानों को कर्ज के जाल से बचाकर आत्मनिर्भर बनाती है।
समय पर भुगतान न करने पर छीन ली जाएगी KCC की ब्याज छूट
किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) पर मिलने वाली सस्ती ब्याज दरों का लाभ उठाने के लिए अनुशासन बहुत जरूरी है। सरकार द्वारा दी जाने वाली 3% की अतिरिक्त छूट केवल उन्हीं किसानों को मिलती है, जो बैंक द्वारा निर्धारित अंतिम तिथि से पहले अपने लोन का भुगतान कर देते हैं।
यदि भुगतान में थोड़ी भी देरी होती है, तो सरकार ‘सबवेंशन’ और अतिरिक्त छूट दोनों को वापस ले लेती है। ऐसी स्थिति में, किसान को सामान्य बैंक दरों पर भारी ब्याज चुकाना पड़ता है, जिससे सस्ता लोन अचानक महंगा हो जाता है। इसलिए, 4% ब्याज का लाभ लेने के लिए हमेशा समय से पहले रीपेमेंट करने की सलाह दी जाती है।
KCC की ब्याज छूट पक्की करने का तरीका
किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) पर मिलने वाली सस्ती ब्याज दर का लाभ उठाने के लिए समय पर भुगतान जरूरी है। इससे बचने का सबसे आसान तरीका है कि आप बैंक में ‘ऑटो-डेबिट’ सुविधा शुरू करवा लें, जिससे किस्त अपने आप कट जाए। साथ ही, मोबाइल अलर्ट चालू रखें ताकि आपको आखिरी तारीख याद रहे। इन छोटे तरीकों से आप पेनल्टी से बचेंगे और आपको हमेशा 4% की दर पर ही लोन मिलेगा।
समय पर भुगतान करें और ₹3 लाख तक के लोन पर पाएं भारी छूट
सरकारी नियमों के अनुसार, किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) पर ब्याज छूट (Subsidy) का लाभ अधिकतम ₹3 लाख तक के लोन पर मिलता है। इसका सीधा फायदा छोटे और मध्यम किसानों को होता है। केसीसी का लाभ उठाने का सबसे बड़ा मूल मंत्र है—’समय पर भुगतान’। यदि किसान सही प्लानिंग, मोबाइल अलर्ट और बैंक के संपर्क में रहकर समय से अपनी किस्त चुकाता है, तो वह बेहद कम ब्याज पर अपनी खेती और पशुपालन की जरूरतों को पूरा कर सकता है।









